-
-
राज्यपाल श्री टंडन ने मंत्रिमंडल के सदस्यों के मध्य किया विभागों का आवंटन ग्वालियर 22 अप्रैल राज्यपाल श्री लाल जी टंडन ने मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अनुशंसा पर मंत्रिमंडल सदस्यों के मध्य विभागों का आवंटन कर दिया है। राज्यपाल श्री टंडन ने डॉ० नरोत्तम मिश्रा को मंत्रीए गृहए लोक स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभागए श्री तुलसी सिलावट को मंत्रीए जल संसाधन विभागए श्री कमल पटेल को मंत्रीए किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभागए श्री गोविंद सिंह राजपूत को मंत्रीए खाद्य नागरिक आपूर्तिए उपभोक्ता संरक्षण एवं सहकारिता विभाग और सुश्री मीना सिंह मांड़वे को मंत्रीए आदिम जाति कल्याण विभाग का प्रभार दिया है।
—Apr 22 2020 -
कोरोना रू विश्वव्यापी महामारी के खिलाफ मध्यप्रदेश सरकार का युद्ध भोपाल 22 अप्रैल कोरोना महामारी का प्रकोप विश्व व्यापी है। हमें इससे डरना नहीं है लड़ना है। वर्ष 2020के मार्च माह की 23 तारीख वह दिन है जब मध्यप्रदेश में कोरोना के खिलाफ महायुद्ध का ऐलान किया गया। इस दिन से कोरोना संक्रमण रोकने के लिए हर मोर्चे पर मध्यप्रदेश सरकार ने काम करना शुरू किया। लोगों की हिम्मत बढ़े और सहयोग के साथ महामारी की रोकथाम के लिये वे सजगए सतर्क और सावधान होंए इस दिशा में एक लक्ष्य के साथ मौजूदा मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में मध्यप्रदेश सरकार ने काम करना शुरू किया। कोरोना की रोकथाम के लिये शुरू हुआ युद्ध 23 मार्च को शपथ ग्रहण के बाद मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने एक योद्धा की तरह कोरोना के खिलाफ युद्ध की शुरूआत की। उन्होंने सबसे पहले उन तैयारियों की जानकारी लीए जो महामारी की रोकथाम के लिये जरूरी हैं। इस महामारी की व्यापकता की तुलना में सुविधाएँ और उपलब्धियाँ बहुत कम थी। पिछले 28 दिनों में लगातार किये गये प्रयासों के बाद हमारी चिकित्सा प्रणाली इस संक्रमण के खिलाफ न केवल पहले से अधिक मजबूत हुई बल्कि संक्रमण को पूरी तरह समाप्त करने में सक्षम बनी। कोरोना वायरस संक्रमण को रोकने के लिये सबसे ज्यादा जरूरी था कि प्रभावित क्षेत्रों में रह रहे लोगों का अधिक से अधिक परीक्षण होए उन्हें इलाज मिले। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने 23 मार्च को प्रदेश का नेतृत्व संभालते ही इस दिशा में निर्देश दिये। आज प्रदेश की 9 प्रयोगशालाओं में कोरोना प्रभावितों और संदिग्धों के परीक्षण किये जा रहे हैं। प्रदेश में सबसे ज्यादा प्रभावित इंदौर जिले में 5 हजार 120 नमूने लिये गये हैं। जिनमें से 1000 नमूनों को परीक्षण के लिये दिल्ली भेजा गया है। रोज की जाने वाली जाँच में भी बढोत्तरी हुई है। लगभग 1050 परीक्षण प्रतिदिन किये जा रहे हैं। अन्य प्रयोगशालाओं को भी शुरू किया जा रहा है। परीक्षण किट की निरंतर आपूर्ति कोरोना की रोकथाम के लिये यह जरूरी है कि अधिक से अधिक लोगों का परीक्षण हो जिससे संक्रमण का पता लगाया जा सके। मध्यप्रदेश में परीक्षण उपकरण 22 हजार 520 आरटीपीसीआर और 14 हजार 200 मेनुअल आरएनए है। पीपीई किट लगभग एक लाख से अधिक है। इनमें से 2500 किट प्
—Apr 22 2020 -
कोरोना प्रकोप रू जरूरतमंदो को राहत पहुँचाती मध्यप्रदेश सरकार भोपाल 22 अप्रैल कोरोना महामारी के संकट से निपटने के साथ ही जरूरतमंदों को राहत पहुँचाने के लिए भी मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में मध्यप्रदेश सरकार ने जो मुस्तैदी दिखाई है उसने लोगों में कोरोना के विरूद्ध युद्ध में लड़ने की न केवल क्षमता विकसित की है बल्कि उनके हौसले भी बुलंद हुए हैं। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कोरोना के संक्रमण की रोकथाम और लॉकडाउन और अन्य पाबंदियों की वजह से प्रभावित और जरूरतमंद लोगों को राहत पहुँचाने के दोनों अहम मोर्चों पर अपने एक माह से भी कम के कार्यकाल में बराबरी के साथ चाक.चौबंद व्यवस्था की है। इससे जहाँ एक ओर संक्रमण को फैलने से रोका जा सकाए वहीं किसानए मजदूरए छात्र और बाहर के क्षेत्रों में रह रहे मध्यप्रदेश के रहवासियों के लिए राहत के बड़े ऐलान किए जिससे इस विभीषिका से लड़ने की लोगों में हिम्मत आई और अब वे महामारी से उत्पन्न संकट से उबरने भी लगे हैं। यह वह समय है जब अन्नदाता किसानों की फसलें खेतों.खलिहानों में पड़ी है। उनकी उपज की खरीदी हो। महामारी के इस दौर में किसानों को उनकी मेहनत काए उनकी उपज का दाम मिलेए इसकी व्यवस्था एक चुनौती है। मुख्यमंत्री ने इस मोर्चे पर ऐसी व्यवस्थाएँ की हैंए जिससे किसानों की उपज की खरीदी हो और उन्हें उसका भुगतान भी मिले। कृषि उपज मंडियों में भीड़ न हो इसलिए निजी खरीदी केन्द्र भी शुरू किए गए हैं। खरीदी केन्द्रों में किसानों के लिये भी पर्याप्त स्थान इस तरह निर्धारित किया गया है ताकि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन हो सके और किसान कोरोना के संक्रमण से बच सके। निजी खरीदी केन्द्र के लिये कोई भी व्यक्तिए फर्मए संस्था अथवा प्र.संस्करण कर्ता संबंधित मंडी से 500 रूपये देकर अनुमति ले सकता है। यदि कोई मंडी का लायसेंसी है तो उसे अलग से प्रतिभूति जमा करने की आवश्यकता नहीं होगी। किसानों को यह भी सुविधा दी गई है कि अगर वे अपनी फसल मंडी में नहीं ला सकते तो वे उपज का नमूना मंडी में लाकर उसके आधार पर घोष विक्रय करा सके। किसान अगर चाहे तो वे व्यापारी के साथ आपसी सहमति से मंडी के बाहर भी उपज का क्रय.विक्रय कर सकते हैं। इसका रिकार्ड कृषि उपज मंडी द्वारा संधारित किया जायेगा और व्याà
—Apr 22 2020 -
उपार्जित गेहूँ के परिवहन की सुदृढ़ व्यवस्था 51 जिलों को 179 सेक्टर में बाँटा गया ग्वालियर 22 अप्रैल गेहूँ उपार्जन.2020 में उपार्जित गेहूँ के परिवहन की व्यवस्था को भी सुदृढ़ बनाया गया है। प्रमुख सचिव खाद्य.नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग श्री शिवशेखर शुक्ला ने कहा है कि गेहूँ का परिवहन तत्परता के साथ किया जा सकेए इसके लिये प्रदेश के 51 जिलों को 179 सेक्टर में बाँटा गया है। परिवहन की जिम्मेदारी राज्य नागरिक आपूर्ति निगम और मार्कफेड को दी गई है। प्रमुख सचिव श्री शुक्ला ने बताया कि रबी उपार्जन.2021 में 110 लाख मीट्रिक टन गेहूँ उपार्जन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस वर्ष कोरोना संक्रमण के कारण गेहूँ की कटाई से लेकर खरीदी कार्य में देरी हुई है। जून माह में मानसून की संभावना को दृष्टिगत रखते हुए उपार्जित गेहूँ का तत्परता के साथ खरीदी केन्द्रों से उठाकर गोदाम तक पहुँचाने के लिये परिवहन व्यवस्था को सुदृढ़ बनाया गया है। परिवहन कार्य पर नियंत्रण और समय की बचत के उद्देश्य से सभी प्रक्रिया ऑनलाइन की गई है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 51 जिलों में बनाये गये लगभग 5 हजार खरीदी केन्द्रों से उठाव के लिये संभागवार एजेंसियों का निर्धारण किया गया है। मण्प्रण् राज्य सिविल सप्लाई कॉर्पोरेशन लिमिण् को चार संभाग नर्मदापुराम ;होशंगाबादद्धए भोपालए ग्वालियर और सागर के 21 जिलों में परिवहन की जिम्मेदारी दी गई है। राज्य नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा इन जिलों को 93 सेक्टर में बाँट कर परिवहनकर्ताओं की नियुक्ति की गई है। इसी प्रकार मार्कफेड को 5 संभाग इंदौरए उज्जैनए रीवाए शहडोल और जबलपुर के 30 जिलों में परिवहन का दायित्व सौंपा गया है। मार्कफेड ने परिवहन व्यवस्था को सुचारु ढंग से क्रियान्वयन के लिये 86 सेक्टर बनाये गये हैं। परिवहन की वैकल्पिक व्यवस्था प्रमुख सचिव श्री शुक्ला ने बताया कि परिवहन का वैकल्पिक प्लान भी तैयार किया गया हैए जिससे समय पर उठाव सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने कहा कि प्रथम निविदाकार द्वारा कार्य न करने पर कलेक्टर की अनुमति से नियमित दरों पर दूसरे परिवहनकर्ता से उठाव कराया जा सकेगा। इसके लिये परिवहनकर्ता से प्रतिभूति राशि जमा कराई जायेगी। निविदाकार को सात दिवस में निगम के साथ अनुबंध कराना होगा। कà¤
—Apr 22 2020 -
कोरोना वायरस के दुष्प्रभाव को देखते हुए जेलों में 5 मई तक मुलाकात पर प्रतिबंध ग्वालियर 22 अप्रैल कोरोना वायरस के संक्रमण के दुष्प्रभाव से बचाव हेतु जेलों में बंदियों से मुलाकात 5 मई तक प्रतिबंधित रहेगी। केन्द्रीय जेल ग्वालियर के जेल अधीक्षक ने बताया कि कोरोना वायरस के दुष्प्रभाव से बंदियों के बचाव हेतु जेल मुख्यालय भोपाल के निर्देशानुसार केन्द्रीय जेल ग्वालियर एवं सर्किल के तहत आने वाली जिला जेल दतियाए मुरैनाए भिण्डए सब जेल विजयपुरए अम्बाहए जौराए सबलगढ़ए मेहगांवए लहारए गोहदए डबराए सेंवढ़ा की जेलों में 5 मई 2020 तक जेल में बंद बंदियों से मध्यप्रदेश एवं अन्य राज्यों से आने वाले उनके परिजनों की मुलाकात प्रतिबंधित की गई है। जेल अधीक्षक ग्वालियर ने सर्किल की सभी जिला एवं उप जेलों के अधीक्षकों एवं जेलरों को इस संबंध में आवश्यक निर्देश दिए हैं।
—Apr 22 2020 -
एसएमएस पढ़कर ही किसान अपना गेहूँ उपार्जन केन्द्र पर लेकर जाएं 8 हजार 990 मैट्रिक टन गेहूँ की खरीदी ग्वालियर 22 अप्रैल रबी विपणन वर्ष 2020.21 में शासन द्वारा गेहूँ के लिये घोषित 1925 रूप्ए प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य पर जिले में किसानों से उपार्जन केन्द्रों पर गेहूँ खरीदी का कार्य किया जा रहा है। जिले में बनाए गए 67 उपार्जन केन्द्रों पर मंगलवार तक 2032 किसानों से कुल 8 हजार 990 मैट्रिक टन गेहूँ की खरीदी की जा चुकी है। उप संचालक कृषि ने किसान भाईयों से कहा है कि जिस किसान भाई के पास गेहूँ खरीदी का एसएमएस पहुँचेए उसे पढ़कर किसान दिनांक एवं समय के अनुसार खरीदी केन्द्रों पर अपना गेहूँ बेचने हेतु सभी दस्तावेज भी साथ लेकर जाएं। बगैर एसएमएस प्राप्त कोई भी किसान खरीदी केन्द्र पर न जाए। सभी पात्र कृषकों की गेहूँ की खरीदी आवश्यक रूप से की जायेगी। कृषक भाई अपनी बारी का इंतजार करें। कोरोना वायरस के प्रकोप को देखते हुए किसान भाई उपार्जन केन्द्रों पर अपने चेहरे को मास्क या गमछे से ढककर रखें। अपने हाथ प्रति घंटे साबुन से 20 सैकेंड तक अच्छी तरह से धोकर साफ करें और सेनेटाइजर का भी उपयोग करें। एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति की दूरी भी कम से कम 6 फुट की बनाकर रखी जाए। गेहूँ तुलाई के वक्त सुरक्षा निर्देशों का भी पालन करें।
—Apr 22 2020 -
लॉकडाउन के चलते फूलों का कारोबार करने वाले परेशान
—Apr 22 2020 -
जनता को भाषण नहीं राशन चाहिए : माकपा
—Apr 22 2020 -
संपादक
Rajesh Jaiswal
9425401405
rajeshgwl9@gmail.com
MP Info News
Invalid RSS feed URL.
ब्रेकिंग न्यूज़
विज़िटर संख्या
अन्य ख़बरें
-
-
-
*हेमू कालानी जन्मोत्सव मिष्ठान वितरण कर बनाया* *
—03/23/2019 -











