बारिश के इंतजार में शहरवासी

Jul 31 2020

ग्वालियर। शहर में फिलहाल सूखे के हालात रहने वाले हैं, मौसम विभाग की मानें तो फिलहाल कम से कम तीन दिन तक तो कोई सिस्टम है नहीं, वहीं शुक्रवार को जहां मौसम सूखा रहा, वहीं आज से दिल्ली और राजस्थान से ड्रॉप होकर ग्वालियर पहुंच रहे बादल जरूर शहर को तर कर सकते हैं। जून के बाद अब जुलाई माह भी लगभग सूखा ही बीतेगा, वहीं पिछले 48 घंटे में बरसात का प्रतिशत शून्य रहा है। एक सिस्टम जरूर बंगाल की खाड़ी में बन रहा है, लेकिन उसे पहुंचने में तीनसे चार दिन का वक्त लगेगा, वहीं कम हवा का दबाव बना रहा है तो फिर इस सिस्टम से भी आस बेमानी साबित हो सकती है।                    
न्यूनतम पारा सुबह 28 .1 डिग्री सेल्सियस रहा जो कि सामान्य से 2.4 डिग्री सेल्सियस था। साढ़े पांच बजे पारा 28.4 और साढ़े आठ बजे 30.2 डिग्री सेल्सियस रहा। आद्र्रता 83 प्रतिशत रही, यह भी सामान्य से 4 प्रतिशत अधिक थी, जिससे उमस और बढ़ गई।                  फिलहाल हालात यह मानसून काल शुरु हुए दो माह का समय बीत चुका है, इसके बावजूद शहर में औसत बरसात भी नहीं हुई है। इस पूरे समय में एक-दो बार तेज बरसात को छोड़ दें तो फिर केवल आसमानी छिड़काव ही हुआ है। तब जबकि मौसम सुहावना होना चाहिए। तापमान की अधिकता से बढ़ी गर्मी पसीना-पसीना करने के साथ ही उमस भी बेचैन कर रही है। अब तक मौसमी बरसात केवल 197. 2 मिलीमीटर ही दर्ज हुई है। जबकि कुल बरसात का आंकड़ा शहर में 790 है। फिलहाल औसत की 25 प्रतिशत बरसात भी नहीं हुई है। इन हालात पर कृषि वैज्ञानिकों ने भी चिंता जताई है। डॉ. राम सिंह कुशवाह का कहना है कि हालात यही रहे तो फसलें चौपट हो जाएंगी। धान बुवाई का समय है और खेत सूखे पड़े हैं। उधर मौसम के जानकार भी हैरत में हैं कि सारे हालात ठीक होने के बाद भी पानी आखिर क्यों नहीं बरस रहा।