तेज धूप से शहरवासी झुलसे

Jul 26 2020

ग्वालियर। मानसून के रूठने का बड़ा असर अब शहरी और ग्रामीण अंचल पर दिखाई देने लगा है। कमजोर घटाओं को फिर परास्त कर रविवार सुबह से तेज धूप ने झुलसाने का काम शुरु कर दिया। हालात यह हैं कि जहां यह फसलों के लिए बड़ा संकट है, वहीं शहर में पेयजल तक के लिए परेशानी खड़ी हो सकती है।
तिघरा में बीते तीन दिन में मात्र 0.9 फुट पानी की ही बढ़ोतरी हुई है, जबकि उसे अब तक लबालब हो जाना चाहिए था, यदि यही हालात रहे तो फिर चंद माह ही शहर में निरंतर वाटर सप्लाई हो सकेगी, अन्यथा अब दो दिन में एक बार पानी सप्लाई के हालात बन रहे हैं। जहां जुलाई माह में बरसात का प्रतिशत बढ़ता है और पारा नरम पड़ जाता है, वहीं इस बार हालात उलटे हैं पानी तो नहीं गिर रहा, बल्कि पारा दम दिखा रहा है।
मानसून के आज को माह बीतने वाले हैं। अब तक शहर को तरबतर और आस पास के डैमों और नाले, नदियों को बरसाती पानी से लबालब हो जाना चाहिए था, लेकिन दो माह में 200 मिलीमीटर पानी भी नहीं बरसा है, जबकि शहर में बरसात का कुल औसत आंकड़ा 790 मिलीमीटर है। जिस तरह के हालात हैं, उनमें यह लगता नहीं कि बरसात का आंकड़ा यहां तक पहुंच सकेगा। खुद मौसम के जानकार इस बात को लेकर हैरान हैं। दो रोज पहले आज 26 जुलाई से ताबड़तोड़ बरसात के संकेत दिए गए थे, लेकिन आज पूरी तरह सूखा मौसम है और जेठ जैसी गर्मी का सामना लोगों को करना पड़ रहा है।
मौसम के जानकारों का कहना है कि शहर में एक सिस्टम बना तो हुआ है, लेकिन बेहद कमजोर है और हवा के कम दबाव के कारण बादल बरसात को अंजाम नहीं दे पा रहे, यदि यही हालात रहे तो फिर सिस्टम बिना बरसात के ही आगे बढ़ जाएगा, जिससे शहरवासियों को बड़ी निराशा का सामना करना पड़ सकता है, आगे फिलहाल कोई सिस्टम नहीं है।