लक्ष्मीगंज मंडी खुलते ही गाइड लाइन का हुआ उल्लंघन

Jun 14 2020

ग्वालियर। कोरोना के चलते शहर में लगाए गए लॉकडाउन के कारण शहर की सबसे बड़ी थोक लक्ष्मीगंज सब्जी मंडी में एक बार फिर 75 दिन बाद रौनक लौटी और यहां कारोबार शुरू हो गया। रविवार सुबह से यहां जमकर भीड़ जुटी, जिसके चलते स्वच्छ नियमों का पालन तो हुआ ही नहीं, साथ ही प्रशासन द्वारा तय की गईं तीन शि टों की गाइड लाइन का भी जमकर उल्लंघन हुआ। जिस वक्त थोक कारोबार होना था उसी वक्त खेरिज कारोबार शुरू हो गया, जिससे अफरा-तफरी के हालात बन गए। इस दौरान यहां मंडी कमेटी और पुलिस की ओर से कोई जि मेदार अधिकारी और कर्मचारी मौजूद नहीं था।
लक्ष्मीगंज थोक सब्जी मंडी को कोरोना संक्रमण के चलते 75 दिन पहले 30 मार्च को जिला प्रशासन के अधिकारियों ने लॉक करवा दिया जिससे लोगों को सब्जी के लिए परेशान होना पड़ा। प्रशासन ने इसके लिए शहर के 10 प्वाइंटों पर सब्जी बिकवाना शुरू कर दिया, लेकिन व्यापारी लक्ष्मीगंज की सब्जी मंडी चालू करवाने के लिए अधिकारियों से गुहार लगा रहे थे।
अफसरों ने व्यापारियों की बात स्वीकारते हुए शर्तों के साथ मंडी चालू करवाने के निर्देश जारी कर दिए जिससे रविवार को सुबह से लक्ष्मीगंज की नई सब्जी मंडी में कारोबार शुरू हो गया लेकिन हालात बद से बदतर थे। आलम यह था कि थोक और खेरिज कारोबारी एक साथ सब्जी बेच रहे थे और भीड़ इस कद्र थी कि न तो शारीरिक दूरी थी और न ही नियमों को माना जा रहा था। मंडी में कई जगह जाम की स्थिति बनी रही। थोक और खेरिज कारोबारी सब्जी को सड़क पर रखकर बेच रहे थे जिससे कई बार स्थिति बिगड़ी। मंडी में सुबह 4 बजे से सैकड़ों लोगों की भीड़ लगी थी और लोगों को कोरोना का भय भी नहीं था।                       
मंडी खुलने से पहले प्रशासनिक अधिकारियों ने एक टीम का गठन किया था और मंडी कमेटी के अधिकारियों और पुलिस को आदेशित किया था कि वह मंडी में तैनात रहते हुए समयानुसार मंडी संचालित कराएं। किसानों की सब्जी शाम 4 बजे रात 8 बजे तक बिकवानी थी और रात 9 बजे से सुबह 4 बजे तक थोक कारोबारियों को सब्जी बेचने के लिए कहा गया था। सुबह 6 से 9 बजे तक खेरिज और फड़ लगाने वालों को छूट दी गई है, लेकिन आज सभी एक ही जगह एक ही समय पर सब्जी बेच रहे थे और पुलिस अफसर व मंडी कमेटी के अधिकारी नदारद थे। 
प्रशासन ने साफ निर्देश दिए हैं कि कोई भी दुकानदार बिना मास्क के दुकान पर नहीं बैठेगा और ग्राहक भी मास्क लगाकर ही खरीदारी करेंगे, लेकिन सब्जी मंडी में हालात यह थे कि न तो सब्जी खरीदने आने वाले मास्क लगाए थे और न ही सब्जी बेचने वाले।
एक वजह यह भी रही लापरवाही की सब्जी मंडी में भीड़ बढऩे की एक वजह यह भी है कि मंडी खुलने का पहला दिन था और कई दुकानदारों ने सुबह 4 बजे तक थोक में सामान बेचने के बाद अपने वाहनों को खेरिज मंडी में लगाकर सब्जी बेचना शुरू कर दिया। किसान भी सुबह मंडी में आकर सब्जी बेच रहे थे इसके कारण भीड़ बढ़ती गई और इसे नियंत्रित करना मुश्किल हो गया। मंडी के कुछ दुकानदारों ने भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश की लेकिन वह भी नाकाम रही।
 रविवार से खेरिज सब्जी मंडियां लगने लगी हैं। छत्री बाजार में  सुबह से सब्जी बेचने वाले अपनी दुकानों पर बैठकर सब्जी बेच रहे थे तो वहीं मुरार में सब्जी मंडी शुरू हो गई और सब्जी खरीदने वालों की भीड़ लगी थी। बिरला नगर पुल के नीचे लगने वाली मंडी भी आज से शुरू हो गई है साथ ही हुजरात सब्जी मंडी में कारोबारी कारोबार कर रहे हैं।