शादी कार्ड विक्रेताओं को हुआ लाखों का नुकसान

May 27 2020

ग्वालियर। कोरोना वायरस के संक्रमण ने हर कारोबार को प्रभावित किया है। इस संक्रमण ने कार्ड कारोबारियों की भी कमर तोड़कर रख दी है। लॉकडाउन के कारण एक हजार से अधिक शादियां रद्द होने के कारण लाखों की सं या में छपे हुए कार्ड दुकानों और पिं्रटिंग प्रेसों में पड़े-पड़े रद्दी हो गए हैं। जिससे कार्ड कारोबारियों के साथ आफसेटप्रिंटिंग व्यवसाय से जुड़े लोगों को ाी लाखों रुपए का नुकसान उठाना पड़ रहा है। हांलाकि लॉकडाउन-4 में शादी समारोह के लिए प्रशासन ने छूट तो दी है लेकिन शादी समारोह में शामिल होने वालों की सं या सीमित किए जाने से शादी के बड़े आयोजन पूरी तरह से रद्द ही दि ा रहे हैं।
कोरोना वायरस के संक्रमण का असर सभी कारोबारों पर पड़ा है। लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते शादी कार्ड का कारोबार बुरी तरह से प्रभावित हुआ है। दरअसल, मार्च के अंतिम सप्ताह से शादियों की शुरुआत होनी थी, अप्रैल, मई और जून तक अनवरत रुप से शादियों के सैकड़ों शुभ मुहूर्त पंडितों ने निकाल भी रखे थे। मार्च-अप्रैल ही नहीं बल्कि जून में होने वाली शादियों के कार्ड लोगों ने खरीदकर पिं्रट कराने के लिए ाी दे दिए थे।                         
कार्ड विक्रे ताओं ने वर व वधु पक्ष के छापे जाने वाले कार्ड व पिं्रटिंग के रुप में बतौर बीस से पच्चीस फीसदी एडवांस रकम पहले की तरह कार्ड की डिलेवरी करने से पहले ली थी। कम समय और शादियों के मुहूर्त अधिक होने के कारण शादी कार्ड विक्रेताओं का कारोबार ाी चमक ता दि ा रहा था, और कारोबारियों ने कार्डों को प्रिंटिंग के लिए आफसेट प्रिंटरों के यहां भेज दिए थे। ये कार्ड पिं्रट हो पाते उससे पहले ही कोरोना संक्रमण के चलते लॉकडाउन की घोषणा हो गई। लॉक डाउन के चलते सैकड़ों शादियां भी रद्द कर दी गई हंै। ऐसे में लोगों ने शादी के कार्ड वापस लेना जरुरी नहीं समझा। जिसके कारण लाखों शादी के कार्ड दुकानों और प्रेसों में पड़े-पड़े रद्दी होने से कार्ड कारोबारियों को लाखों रुपए का नुकसान उठाना पड़ रहा है।  
3 से 300 रुपए तक का एक कार्ड
हाईकोर्ट रोड स्थित कार्ड विक्रेताओं ने बताया कि मार्च से जून तक शादी के दर्जनों मुहूर्त के कार्ड जिनकी कीमत तीन से तीन सौ रुपए तक है लोगों ने पसंद कर महज पच्चीस फीसदी बतौर एडवांस देकर कार्ड छपवाने के लिए दिए थे। लेकिन लॉकडाउन में शादियां कैंसिल होने के कारण लाखों रुपए के ये शादी के कार्ड रद्दी हो गए हैं और कार्ड छपवाने वाले इन कार्डों को लेने भी नहीं आ रहे हैं। ऐसे में इस कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण कार्ड कारोबारियों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। ला ाों का माल गोदाम में सड़ रहा है। जल्द ही कारोबार पटरी पर लौटने की उ मीद की किरण भी नजर नहीं आ रही है।