कोरोना संक्रमितों का इलाज कर रहे डॉक्टर रहेंगे हॉस्टल में क्वारेंटाइन

Apr 08 2020

ग्वालियर। अंचल के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल जेएएच की पत्थर वाली इमारत व मल्टी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के आइसोलेशन व क्वारेंटाइन वार्ड में भर्ती होने वाले मरीजों का इलाज करने वाले लगभग ढाई सौ सीनियर व जूनियर डॉक्टरों को क्वारेंटाइन पीरियड में 14 दिन तक जेएएच कैंपस के नवनिर्मित बॉयस व गल्र्स हॉस्टल में रखा जाएगा। इन तीनों हॉस्टलों में डॉक्टरों को ठहराने के लिए अस्पताल प्रबंधन ने तैयार करा लिया है। देश के साथ ही अंचल में कोरोना संक्रमण पीडि़त मरीजों के साथ ही उनके संपर्क में आने वालों के साथ ही देश के अन्य ऐसे शहरों से ग्वालियर आए लोगों को कोरोना संदिग्ध मानते हुए जेएएच स्थित आइसोलेशन व क्वारेंटाइन वार्ड में रखा जा रहा है। इन मरीजों के साथ ही संक्रमित संदिग्ध लोगों का इलाज जेएएच में पदस्थ ढाई सौ सीनियर व जूनियर डॉक्टरों के साथ ही पैरा मेडिकल स्टाफ द्वारा किया जा रहा है। इलाज करने वाले ऐसे डॉक्टर व पैरा मेडिकल स्टाफ जो कि ड्यूटी के दौरान घर नहीं जा पाएंगे, ऐसे डॉक्टरों व पैरामेडिक ल स्टाफ को चौदह दिन क्वारेंटाइन में रखने के लिए अस्पताल प्रबंधन ने जेएएच कैंपस स्थित नवनिर्मित तीन हॉस्टलों में ठहरने की व्यवस्था की गई है। डॉक्टरों के इस अस्थायी बनाए गए तीनों हॉस्टल में कमरों को तैयार कर चौबीस घंटे पानी की सप्लाई की व्यवस्था कर दी गई है। अब इलाज करने के बाद चौदह दिन क्वारेंटाइन में रहने वाले डॉक्टरों को अस्थाई डेरा इन तीनों नवनिर्मित हॉस्टलों में इस क्वारेंटाइन अवधि के दौरान रहेगा।