ट्रेनों की आवाजाही बंद, स्टेशन पर पसरा सन्नाटा

Mar 24 2020

ग्वालियर। ट्रेनों की आवाजाही बंद होने से रेलवे के खानपान महकमें को रोजाना एक लाख रुपए का नुकसान हो रहा है। क्योंकि स्टेशन पर स्थित खानपान के स्टॉलों व वेंडर रोजाना ब्रेकफास्ट से लेकर लंच डिनर के साथ पानी की बोतल व अन्य स्नैक की बिक्री लगभग रोजाना एक लाख रुपए से अधिक की करते थे। लेकिन ट्रेनों की आवाजाही बंद होने से रेलवे को आगामी 31 मार्च तक रोजाना ही एक लाख रुपए का नुकसान उठाना पड़ेगा। ग्वालियर से रोजाना एक सैकड़ा से अधिक ट्रेनों में सफर करने वाले यात्री स्टेशन से खानपान की सामग्री खरीद कर अपने पेट की भूख शांत करते है। लेकिन ट्रेनों की आवाजाही बंद होने से सभी प्रकार के खानपान की बिक्री सोमवार से रोक दी गई है। यही नहीं रविवार तक चालू रही पार्सल सेवा भी ट्रेनों की आवाजाही बंद होने से स्वत: बंद हो गई है।
आईआरसीटीसी विभाग से अधिकृत कमसम फूड प्लाजा के साथ ही ट्रेनों में लंच व डिनर सप्लाई करने के लिए आईआरसीटीसी विभाग ने शहर के दो होटल सेवन स्पाइस व भूखाडॉटकाम को खानपान सप्लाई के लिए अधिकृत कर रखा है। इसी के साथ ही स्टेशन पर दस स्टॉल के साथ ही 25 खानपान की रेडिय़ों से खानपान की बिक्री का जि मा आरडीएण्डसंस के पास है। फूड सप्लाई बंद होने के कारण रेलवे को रोजाना एक लाख रुपए का नुकसान हो रहा हैं।
ट्रेनों की आवाजाही बंद होने से आरडी एण्डसंस के पैतालीस वेंडरों के साथ ही कमसम फूड प्लाजा के 25 कर्मचारी इस लॉक डाउन से सीधे तौर पर प्रभावित हुए काम नहीं होने के कारण ये सभी वेंडरों के सामने परिवारों की रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है।