कोरोना वायरस के चलते नवरात्रि में नहीं होंगे महामाई के दर्शन

Mar 18 2020

ग्वालियर। भक्ति की शक्ति मां दुर्गा की आराधना का पर्व नवरात्रि 25 मार्च से शुरू होगा, जिसकी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं और मंदिर में आने वाले भक्तों के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे, लेकिन नवरात्रि पर महामाई के मंदिरों में दर्शन करने के लिए भक्तों को अनुमति नहीं दी जाएगी। यह निर्णय जिला कलेक्टर ने जनमानस की सुरक्षा को देखते हुए लिया है। शहर के प्रसिद्ध मंदिरों में सुबह से रात तक श्रद्धालुओं की भीड़ पूजा अर्चना करने के लिए लगी रहती है। नवरात्रि पर शीतला माता मंदिर पर हजारों की सं या में भक्त दर्शन करने के लिए भिंड, मुरैना, डबरा, भितरवार सहित आसपास के क्षेत्रों से पहुंचते हैं तो वहीं शहर के मांढरे की माता, नहर वाली माता, वैष्णो देवी, भेलसे वाली माता, मंशा देवी, छोटी करौली सहित मंदिरों में तड़के 4 बजे से रात 11 बजे तक भक्तों की भीड़ रहती है। कोरोना वायरस से लोगों को बचाने के लिए प्रशासन ने निर्णय लिया है कि नवरात्रि के दौरान माता के मंदिरों में भीड़भाड़ न हो इसके लिए मंदिरों को बंद रखा जाएगा।
अचलेश्वर महादेव मंदिर पर सोमवार को भक्तों की अपार भीड़ दर्शन करने के लिए लगती है। मंदिर में भीड़भाड़ न हो इसे देखते हुए मंदिर प्रबंधन ने निर्णय लिया है कि सोमवार को भक्तों को एक-एक कर मंदिर में प्रवेश दिया जाएगा। मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष हरिदास अग्रवाल ने कहा कि जरूरत पड़ती है तो मंदिर को बंद किया जाएगा।
हाथ जोड़ो, फूल चढ़ाओ और वापस जाओ
प्रशासन द्वारा कोरोना वायरस से लोगों को बचाव के लिए धारा 144 लगाई गई है, जिसके चलते सभी थाना प्रभारियों व तहसीलदारों, एसडीएम को आदेशित किया गया है कि वह अपने-अपने क्षेत्रों में नजर रखें। 
उधर माधवगंज झूलेलाल मंदिर में उठावनी के दौरान पुलिसकर्मी पहुंचे और उन्होंने वहां मौजूद श्रद्धांजलि अर्पित करने आए लोगों से आग्रह किया कि फूल चढ़ाएं, हाथ जोड़ें और वापस जाएं। उठावनी लाला का बाजार निवासी रूपचंद असरानी की थी।
नहीं निकलेगा चेटीचंद का समारोह
भगवान झूलेलाल का जन्मोत्सव 25 मार्च को मनाया जाना है। गुढ़ी पड़वा पर नवसंवत्सर और नवरात्रि की शुरुआत होती है तो वहीं चेटीचंद महोत्सव भी मनाया जाता है, लेकिन इस बार झूलेलाल मंदिर से निकलने वाला चल समारोह को निरस्त कर दिया गया है।
महाराज बाड़े पर झूलेलाल महोत्सव पर प्रसादी वितरण किया जाए या नहीं इसे लेकर निर्णय आज शाम तक होगा। यह चल समारोह भारतीय सिंधु सभा द्वारा माधवगंज झूलेलाल मंदिर से प्रात: निकालकर दानाओली झूलेलाल मंदिर पहुंचना था। 
यह कार्यक्रम हुए स्थगित
अस्थमा रोगियों के लिए स्वास्थ्य शिविर का आयोजन 22 मार्च को झूलेलाल मंदिर माधौगंज में आयोजित किया जाना था जिसे निरस्त कर दिया गया है। शिविर संयोजक डॉ. बी के कुंदवानी ने बताया कि शिविर को आगे की तिथि में लगाया जाएगा।
हरीशंकरपुरम में अब नहीं होगी भागवत कथा
शहर की खुशहाली और समृद्धि के लिए हरीशंकर पुरम में श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन 24 मार्च से किया जाना था लेकिन कलेक्टर द्वारा लगाई गई धारा 144 के चलते भागवत कथा को स्थगित कर दिया गया है। यह जानकारी राजू नगरिया ने दी।
स्थापना दिवस नहीं मनेगा
भारतीय सिंधु सभा द्वारा प्रशासन के आदेश को स्वीकार करते हुए निर्णय लिया गया है कि 15 अप्रैल तक होने वाले सभी आयोजनों को आगे की तिथि में बढ़ाया जाएगा या फिर निरस्त कर दिया जाएगा। राजेश वाधवानी ने बताया कि बुधवार को होली मिलन समारोह आयोजित किया जाना था जिसे निरस्त कर दिया गया है। 23 मार्च को हेमू कालानी जयंती पर रक्तदान शिविर लगाया जाना था जो अब नहीं लगेगा। 25 मार्च को झूलेलाल शोभायात्रा नहीं निकाली जाएगी और 29 मार्च को संस्था का स्थापना दिवस नहीं मनाया जाएगा। साथ ही 10 अप्रैल को सिंधी भाषा दिवस पर संगोष्ठी नहीं होगी।
नहीं शुरू होगा सिल्क महोत्सव
कोरोना वायरस के चलते ग्रामीण हाट बाजार में लगने वाला सिल्क महोत्सव व बसंत उत्सव, हाथ खरगा मेला स्थगित कर दिया गया है। जिला पंचायत द्वारा शिल्पियों को बढ़ावा देने के लिए यह मेला 45 दिन का लगाया जाना था।