कुमारी अंशिका ने भोपाल में बिखेरी स्वर लहरियां झीलों की नगरी भोपाल में बाहर ऐ गजल कार्यक्रम के तहत कुमारी अंशिका चौहान ने गजल संध्या के दौरान अपने स्वरों के माध्यम से सुप्रसिद्ध लेखकों की गजलें प्रस्तुत की। देखते जाइए कैसे हैं जमाने वाले? मुस्कुरा कर हमसे मिला करो। ऐ मोहब्बत तेरे अंजाम पर रोना आया। कभी यूं भी आ मेरी आंखों में। आदि विभिन्न प्रसिद्ध गजलों को अपना स्वर दिया। अंशिका के साथ में अब्दुल लतीफ साहब ने भी अपनी प्रस्तुति दी। कार्यक्रम का शुभारंभ में सरस्वती वंदना मीरा द्वारा प्रस्तुत की गई। कार्यक्रक्रम में संगत कलाकार के रूप तबले पर शाहरुख खान सारंगी पर हुसैन खान तथा कीबोर्ड पर रितेश भार्गव ने संगत दी।

Feb 16 2020

कुमारी अंशिका ने भोपाल में बिखेरी स्वर लहरियां  झीलों की नगरी भोपाल में बाहर ऐ गजल कार्यक्रम के तहत कुमारी अंशिका चौहान ने गजल संध्या के दौरान अपने स्वरों के माध्यम से सुप्रसिद्ध लेखकों की गजलें प्रस्तुत की। देखते जाइए कैसे हैं जमाने वाले? मुस्कुरा कर हमसे मिला करो। ऐ मोहब्बत तेरे अंजाम पर रोना आया। कभी यूं भी आ मेरी आंखों में। आदि विभिन्न प्रसिद्ध गजलों को अपना स्वर दिया। अंशिका के साथ में अब्दुल लतीफ साहब ने भी अपनी प्रस्तुति दी। कार्यक्रम का शुभारंभ में सरस्वती वंदना मीरा द्वारा प्रस्तुत की गई। कार्यक्रक्रम में संगत कलाकार के रूप तबले पर शाहरुख खान सारंगी पर हुसैन खान तथा कीबोर्ड पर रितेश भार्गव ने संगत दी।