सेवानिवृत्ति के बाद राष्ट्रनिर्माण में करें सहयोग-राजाबाबू

Feb 06 2020

ग्वालियर। सेवानिवृत्ति के बाद की जिन्दगी देश के राष्ट्रनिर्माण और समाज सेवा के क्षेत्र में व्यतीत करें, पानी की खेती और प्रदूषण कम करने के लिये ग्रीन एजेंट बनकर काम करें जिससे आने वाली पीढियां आपको याद करें। यह उद्गार पांचवें स्नेह समेलन उपनिरीक्षक बैच 1973-74 के उद्घाटन समारोह में एडीजी राजाबाबू सिंह बतौर मु य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए कहीं। कार्यक्रम का शुभारंभ मु य अतिथि एडीजी राजाबाबू सिंह ने मां सरस्वती के चित्र माल्यार्पण कर दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया। इस मौके पर एडीजी डीआर राहुल, हाकिमसिंह यादव, एमएल शर्मा, भगवान सिंह यादव, जेएस जग्गी, रामनिहोर सिंह भदौरिया, आरएस कनेरिया आदि ने अपने सेवाकाल में किये गये बेहतर कार्यो के अनुभव के रूप में सभी के बीच शेयर किये। समारोह के अंत में मु य अतिथि एडीजी राजाबाबू सिंह द्वारा शॉल श्रीफल से समानित किया गया।
एडीजी राजाबाबू सिंह ने कहा कि आज राजनीतिक दखंलदाजी पहले की अपेक्षा बढ़ गयी है और सोशल मीडिय़ा के दौर में काम करते समय अलर्ट रहने की जरूरत है। सेवा निवृत्ति के बाद समय अपने परिवारिक इश्यू के समाधान में करें। आप जिस इलाके में रह रहे हैं। उस क्षेत्र में प्रदूषण के क्षेत्र में ग्रीन एजेंट बन कर कार्य करें और अपने बैच का राम रोशन करें। दिनों दिन पानी दूषित हो रहा है जिससे कैंसर पीडि़तों की सं या बढ़ रही है। मैं आपको बताना चाहता हूं आने वाले 2050 तक आधी आबादी कैंसर से पीडित होगी। दिनों दिन मीठे पानी का अभाव होता जा रहा है और आबादी 130 करोड़ को पार कर गयी है मीठे पानी के स्त्रोत समाप्त होते जा रहे हैं नये पानी के स्त्रोत इजाद करने की आवश्यकता हैं।