सामाजिक बुराई भ्रूण हत्या और दहेज प्रथा पर लगायें रोक-पूज्य चिन्मयानंद बापू

Jan 05 2020

ग्वालियर। राष्ट्रीय संत पूज्य चिन्मयानंद बापू ने आज देश में बढ रही भ्रूण हत्या पर कटाक्ष करते हुए कहा कि इस सामाजिक बुराई से बेटियां कम पैदा हो रहीं हैं। उन्होने यह भी कहा कि दहेज जैसी बुराई को समाज के लोगों को ही दूर करना चाहिये। 
पूज्य चिन्मयानंद बापू कैला देवी महारानी एवं कुंवर बाबा मंदिर महलगांव के मैदान पर भागवत प्रेम परिवार द्वारा आयोजित संगीत मयी श्री रामकथा के सातवें दिन आज धार्मिक रसिकों को कथा का रसपान करा रहे थे। पूज्य बापू ने कहा कि  राम-सीता का विवाह और दशरथ एवं जनक का मिलन दो सागरों की मिलन जैसा है। महाराज दशरथ भी अपनी जगह पूर्ण है और जनक महाराज भी अपनी जगह पूर्ण है। भगवान के विवाह के बाद महाराज जनक ने महाराज दशरथ से निवेदन किया कि जिस प्रकार राम और सीता का विवाह हुआ ऐसे ही हमारे घर में तीन बेटियां कुंवारी है और आपके भी घर में तीन बेटे कुंवारे हैं क्यों ना उनका भी विवाह इसी तरह संपन्न कराया जाए। महाराज दशरथ ने प्रसन्नता पूर्वक उनकी बात को स्वीकार किया और चारों भाइयों का विवाह महाराज जनक की चारों बेटियों से संपन्न हुआ। 
पूज्य चिन्मयानंद बापू ने  सीता जी की विदाई का प्रसंग सुनाते हुए कहा कि आज समाज में विवाह में दहेज मांगने की जो प्रथा बनी हुई है यह प्रथा खत्म होनी चाहिए । उन्होने कहा कि जिस प्रकार हम  दूल्हे को  राजा के रूप में स मान करते हैं , उसे दूल्हा राजा कहते हैं , दूल्हे को भी राजा ही रहना चाहिए । उसे भिकारी नहीं बनना चाहिए। उन्होंने कहा कि दूल्हे को अपने बाहुबल पर भरोसा हो तो वह दहेज ना लेकर स्वयं एक नहीं दस मोटर कार खरीद सकेगा। दहेज में एक कार या कुछ अन्य वस्तु मांगकर भिकारी क्या बनना। उन्होंने समाज में प्रत्येक  मां-बाप से भी आवहान किया कि उन्हें भी सोचना चाहिए कि वह अपनी बेटी का विवाह ऐसे घर में करें ,जहां कोई दहेज आदि की मांग ना हो । पूज्य बापू ने यह भी कहा कि हां मां-बाप अपनी खुशी से  कुछ देते है तो उसे अवश्य स्वीकार करना चाहिए । पूज्य चिन्मयानंद बापू ने  दहेज प्रथा का विरोध करते हुए कहा कि उन्होंने इसीलिए हर वर्ष अपने बनाये गये विश्व कल्याण मिशन ट्रस्ट द्वारा सामूहिक कन्या विवाह करने का संकल्प लिया है, और हर वर्ष सैकड़ों की सं या में ट्रस्ट परिवार कन्याओं का विवाह संस्कार संपन्न कराता है । उन्होंने कहा कि गत 11 दिसंबर 2019 को भी विशाल सामूहिक कन्या विवाह का आयोजन ट्रस्ट परिवार ने कराया था।  
कथा में आज 
कैला देवी महारानी एवं कुंवर बाबा मंदिर महलगांव के मैदान पर भागवत प्रेम परिवार द्वारा आयोजित संगीत मयी श्री रामकथा में  सोमवार को भरत चरित्र की कथा होगी।