सूर्यग्रहण के बाद मंदिरों के पट खुले, हुआ शुद्धिकरण

Dec 26 2019

ग्वालियर। साल 2019 का आखिरी सूर्य ग्रहण गुरुवार सुबह 8:09 बजे से 10:59 बजे तक रहा। इसे देश के विभिन्न हिस्सों में देखा गया। सूर्य ग्रहण समाप्त होने के बाद मंदिरों में शुद्धिकरण का काम शुरू हो गया है। सूतक समाप्त होने के साथ ही शहर के प्रमुख मंदिरों के पट खुले और भगवान को स्नानादि करवाकर पूजा-अर्चना की गई। ग्रहण को लेकर रात्रि में आठ बजे पूजा-अर्चना के बाद मंदिरों के पट बंद कर दिए गए थे।
इससे पहले बुधवार रात 8 बजे से सूतक लग गया था। इसी समय सभी प्रमुख मंदिरों के पट बंद कर दिए गए। प्रमुख मंदिरों में शयन आरती भी रात 8 बजे के पहले कर ली गई थी। ग्रहण का सबसे अच्छा नजारा दुबई में देखने को मिला जहां चांद पूरी तरह सूर्य के सामने रहा।
वर्ष के आखिरी सूर्यग्रहण को लेकर बुधवार की रात्रि में आठ बजे पूजा-अर्चना के बाद मंदिरों के पट बंद कर दिए गए थे। मंदिरों के पट बंद होने के साथ ही सूतक काल में मंदिरों में रातभर भजन-कीर्तन होते रहे। गुरुवार सुबह आसमान पर छाए बादलों के कारण ग्रहण स्पष्ट नहीं नजर आया। सुबह 10:59 बजे ग्रहण समाप्त होने के साथ ही मंदिरों में शुद्धिकरण का कार्य शुरू हो गया और भगवान को स्नान कराया।
मंदिरों के साथ-साथ घरों में भी लोगों ने मंदिरों में मूर्तियों को गंगाजल से स्नान कराया गया। पट खुलने के साथ ही मंदिरों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और भक्तगणों ने ईश्वर से सुख-समृद्धि और शांति की कामना की।