अपराधों का शीघ्रता से करें निराकरण: डीआईजी

Nov 29 2019

ग्वालियर। ‘कमजोर वर्गों के प्रति संवेदनशीलता’ विषय पर रेंज स्तरीय दो दिवसीय सेमीनार का आयोजन किया गया। इस सेमीनार का शुभारंभ प्रात: 11:00 बजे मुख्य अतिथि ए.के.पाण्डे, पुलिस उप महानिरीक्षक,ग्वालियर रेंज द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा पर पुष्प एवं दीप प्रज्वलित कर किया। सेमीनार में उपस्थित मुख्य अतिथि का वीरेन्द्र कुमार जैन, पुलिस अधीक्षक, अजाक ग्वालियर रेंज द्वारा स्वागत किया गया। इस आयोजन में ग्वालियर रेंज के लगभग 70 से अधिक पुलिस अधिकारी व कर्मचारी सम्मलित हुए। इस अवसर पर मुख्य अतिथि पुलिस उप महानिरीक्षक ग्वालियर रेंज ने कहा एससी/एसटी के प्रकरणों में अधिक से अधिक सजा कराये जाने हेतु विवेचना उच्च स्तर की होनी चाहिए तथा उन्होने कहा कि पूर्व में एससी/एसटी प्रकरणों की विवेचना उप पुलिस अधीक्षक स्तर द्वारा की जाती थी अब निरीक्षक को भी एससी/एसटी प्रकरणों की विवेचना का अधिकार दिया गया है। उन्होने सेमीनार में उपस्थित प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि एससी/एसटी के प्रकरणों की विवेचना में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाना चाहिए तथा पीडि़तों की सहानुभूति पूर्वक बात सुनी जाकर रिपोर्ट दर्ज की जावे। एससीएसटी के प्रकरणों की विवेचना निर्धारित अवधि में पूर्ण कर चालान पेश किया जाना चाहिए।
पुलिस उप महानिरीक्षक चंबल रेंज अषोक गोयल द्वारा केस डायरी एवं विवेचना के संबंध मे बताया गया। दो दिवसीय सेमीनार में उद्घघाटन उपरान्त पुलिस अधीक्षक सायबर सुधीर कुमार अग्रवाल द्वारा ‘‘सायबर अपराध’’ विषय पर अपने विचार रखे और उपस्थित विवेेचकों को सायबर अपराधों की विवेचना किस प्रकार की जावे इसके टिप्स दिए। श्रीमती प्रगति नायक विधि अधिकारी ग्वालियर ने ‘‘अनुसूचित जाति/जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 का नवीन अध्यादेश, विशेष प्रवधान, साक्ष्य विधान एवं पूर्व अधिनियम से किस प्रकार भिन्न है विषय पर प्रकाष डाला।
सेमीनार के अंतिम दिन एस.पी. शर्मा, संयुक्त निदेषक, आर.एफ.एस.एल., जाकिर हुसैन विशेष न्यायाधीश विशेष न्यायालय ग्वालियर, अनिल मिश्रा अति. जिला अभियोजन अधिकारी ग्वालियर एवं वीरेन्द्र जैन, पुलिस अधीक्षक, अजाक ग्वालियर रेंज एवं पुलिस अधीक्षक ग्वालियर नवनीत भसीन के द्वारा व्याख्यान दिया जाकर सेमीनार का समापन किया जावेगा।