बजरंग भक्त मंडल द्वारा जनकताल गौशाला में 4700 किलो हरे चारे की सेवा

Oct 12 2026

ग्वालियर। पितृपक्ष (श्राद्ध पक्ष) के पावन और आध्यात्मिक अवसर एवं नवरात्र के प्रथम दिवस पर जीव दया व पूर्वजों के प्रति कृतज्ञता प्रकट, एवं मातारानी के आगमन पर स्थानीय धार्मिक एवं सामाजिक संस्था बजरंग भक्त मंडल द्वारा एक विशाल गौ सेवा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मंडल के सदस्यों ने सनातन परंपराओं का निर्वहन करते हुए जनकताल स्थित गौशाला में आश्रित और बेसहारा गौवंश के लिए लगभग 4700 किलोग्राम (4.7 टन) हरे चारे की सेवा समर्पित की। शास्त्रों में पितृपक्ष के दौरान गायों को ग्रास देने और उनकी सेवा करने का विशेष महत्व बताया गया है। इसी मान्यता को आगे बढ़ाते हुए बजरंग भक्त मंडल के सेवाभावी सदस्यों ने इस सप्ताह व्यापक स्तर पर उत्तम गुणवत्ता का हरा चारा एकत्रित किया और उसे स्वयं जनकताल गौशाला पहुंचाकर गौवंश को परोसा।
श्रमदान और पितृ-तर्पण की भावना एवं मातारानी के आगमन पर इस पुनीत कार्य में मंडल के सभी सदस्यों ने न केवल वित्तीय सहयोग दिया, बल्कि चारे को गाडिय़ों में लोड करने से लेकर गौशाला में वितरित करने तक स्वयं श्रमदान भी किया।
मंडल के अध्यक्ष आशीष मंगल ने इस अवसर पर कहा, ‘पितृपक्ष हमारे पूर्वजों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने का समय है। इस समय की गई गौ सेवा सीधे हमारे पितरों को तृप्ति प्रदान करती है। साथ ही मां भगवती के आगमन पर गौमाता के लिए जनकताल गौशाला में की गई यह 4700 किलो चारे की साप्ताहिक सेवा हमारे सभी सहयोगियों और दानदाताओं के निस्वार्थ प्रयास का परिणाम है।
गौ सेवा के इस महा-अभियान को सफल बनाने में मंडल के प्रमुख सदस्य आशीष मंगल, राकेश मंगल, अमन गर्ग, रामकिशोर मंगल, पुनेश पाल, भानु राजपूत, दीपक सिंघल, कमलेश मंगल, कार्तिक बरोलिया, हिमांशु शर्मा, राकेश बंसल, मुकेश बंसल, राजीव जादौन, कमल सिंह गर्ग और गोपाल सोनी मुख्य रूप से उपस्थित रहे। सभी सेवादारों ने उत्साहपूर्वक चारे के प्रबंधन और वितरण में अपना सक्रिय योगदान दिया। बजरंग भक्त मंडल ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे इस श्राद्ध पक्ष में अपने पितरों की स्मृति में जीव दया के इन कार्यों से जुड़ें और गौवंश की सेवा के लिए आगे आएं। इस दौरान गौशाला प्रबंधन के कर्मचारी और अन्य स्थानीय नागरिक भी मौजूद थे।