दिल्ली में छात्रा के साथ हुए उत्पीडऩ के खिलाफ तीन संगठनों ने फूलबाग पर किया विरोध प्रदर्शन

Sep 04 2026

ग्वालियर।  अभी हाली ही में दिल्ली में चलती स्लीपर बस में 11वीं की छात्रा से दरिंदगी की गई उसके खिलाफ फूलबाग चौराहे पर तीन संगठनों एआईडीएसओ,एडियो, एआईएमएसएस द्वारा विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन के माध्यम से एआईएमएसएस की जिला सचिव विद्या प्रसाद ने बताया कि पूरे देश में लगातार महिलाओं बच्चियों के साथ रेप, सामूहिक दुष्कर्म की घटनाएं बढ़ती जा रही है। हाल ही की आई अखबारों में खबर में मप्र में 2024-25 में सरकारी रिपोर्ट के अनुसार 23,129 महिलाएं, बच्चियां लापता हुई लेकिन सरकार इन अपराधों के खिला$फ कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। इसी का नतीजा है कि ये अपराध बढ़ते जा रहे है। 2012 के निर्भया कांड के बाद सार्वजनिक और निजी यात्री बसों के लिए तय किए गए कड़े सुरक्षा नियम आज भी केवल कागजों तक सीमित हैं। जिस स्लीपर बस में छात्रा से हैवानियत हुई, वह नियमों को ताक पर रखकर खिड़कियों पर पर्दे लटकाए 47 किलोमीटर तक दौडती रही, लेकिन रास्ते में न तो किसी पिकेट पर उसकी जांच हुई। सुरक्षा में कमियों खमियाजा महिलाओं बच्चियों को भुगतना पड़ रहा है। 
छात्र संगठन के जिला सचिव दीपक बरैया ने कहा की इन सब घटनाओं का जो मूल कारण है शराब, नशा, अश्लीलता इन सब पर रोक लगाने की जरूरत थी, लेकिन सरकार लगातार शराब नशे को बढ़ावा दे रही है। स्कूल कॉलेज में भी सुरक्षा का कोई भी कानून नहीं है स्कूल कॉलेज के आसपास गली-गली चौक चौराहों पर शराब की दुकान खोली जा रही है। ग्वालियर में की लगे चौराहे पर जहां एक कन्या विद्यालय स्कूल 15 किलोमीटर दूर कम राज स्कूल में मर्ज करने के नाम पर बंद कर दिया जो बीचो-बीच के वालों में स्थित था पर वही स्कूल के पास में स्थित शराब की दुकान खुली हुई है वह बंद नहीं हुई है। इससे ये सिद्ध होता है कि सरकार को महिलाओं बच्चियों की सुरक्षा की कोई परवाह नहीं है। शैक्षणिक संस्थानो में भी लगातार छात्राओं के साथ दुष्कर्म और छेडख़ानी की घटनाएं बढ़ती जा रही है। गुना पीजी कॉलेज में भी कई बार छेडख़ानी की घटनाएं हुई है। इन सब को लेकर छात्र संगठन ने पहले भी जिला प्रशासन आंदोलन कर अवगत कराया है और मांग भी की थी कि शैक्षणिक संस्थाओं के बाहर निर्भया वैन चलाई जानी चाहिए। लेकिन जिला प्रशासन और कॉलेज प्रशासन ने कोई सकारात्मक कार्रवाई नहीं की। स्कूल कॉलेज में लगातार आसामाजिक तत्व आ रहे है इसको लेकर भी कॉलेज प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। शायद प्रशासन कोई बड़ी घटना होने का इंतजार कर रहा है। युवा संगठन एडियो के सदस्य व जिला सचिव महेश माहौर भी प्रदर्शन में शामिल रहे।
सभी संयुक्त संगठनों द्वारा प्रदर्शन के माध्यम से मांग की है कि महिलाओं बच्चियों पर बढ़ते अपराधों पर रोक लगाई जाए, इनका जो मूल कारण है शराब नशा अश्लीलता अपसंस्कृति पर भी रोक लगाई जाए, दिल्ली में छात्रा के साथ किए गए दुष्कर्म के दोषियों को उदाहरण मूलक सजा दी जाए।