एकाग्रता ही परम तप है:विजय महाराज

Aug 10 2026

ग्वालियर। दीनदयाल नगर गोविंद पार्क स्थित सिकरवार निवास पर आयोजित आशा रामायण सत्संग पाठ में  विजय महाराज ने अपने प्रवचन में बताया कि एकाग्रता ही परम तप है। सारी साधना का मूल है। जब व्यक्ति नि:संकल्प हो कर मन को ईश्वर में तल्लीन कर भजन के अभ्यास में लगा रहता है तब वचन सिद्धि आ जाती है और संकल्प फलीभूत हो ने लगते है। तत्परता से संयम पूर्वक लगा रहे हो आत्म साक्षात्कार को उपलब्ध हो जाता है। पूर्णाहुति पर सामूहिक मंगल आरती कर प्रसाद वितरण किया गया। जिसमें विशेष रूप से देवेंद्र सिंह सिकरवार बलबीर सिंह परमार प्रधान भदौरिया जशवंत भदौरिया नवीन भदौरिया सीबी शर्मा राजू लक्षकार भगवान दास के अलावा गुड्डी सिकरवार लाली भदौरिया एड माला मिश्रा सुमन सिंह मथुरा प्रजापति समेत भारी संख्या में श्रद्धालु भक्त गण उपस्थित रहे।