नियाज, अभिषेक, चादरपोशी के साथ राजा बाक्षर का शताब्दी उर्स प्रारंभ

Apr 12 2026

ग्वालियर। हिंदू मुस्लिम एकता का प्रतीक एवं सद्भाव का संगम बाबा राजा बाक्षर का 11 दिवसीय शताब्दी उर्स समारोह 12 अप्रैल रविवार सुबह नियाज, अभिषेक, आरती एवं चादरपोसी के साथ प्रारंभ हुआ। दौलतगंज स्थित राजा बाक्षर के गद्दी नशीन तरुण सूर्यवंशी ने बताया कि रविवार सुबह 6 बजे न्याज अता की गई सुबह 7 बजे बाबा का अभिषेक किया गया। 9 बजे आरती की गई दोपहर 2 बजे फिर से न्याज और फकीरों के लंगर का आयोजन किया गया। रात 8 बजे चादर पोसी की रस्म अदा की कर 9 बजे महा आरती हुई। उसके बाद रात्रि 9 बजे से कव्वाल युसूफ नियाजी और सलमान अजमेरी की कव्वाली का आयोजन किया गया।
सूर्यवंशी ने बताया कि आज 13 अप्रैल को कलश यात्रा के साथ कथावाचक हरिओम महाराज द्वारा भागवत कथा का श्रोताओं को रसपान कराया जाएगा।