सुभाष चंद्र बोस की जन्म स्मृति में तिरंगा यात्रा, पुष्पांजलि कार्यक्रम संपन्न

Jan 23 2026

ग्वालियर। भारत की स्वतंत्रता के शिल्पकार एक अद्भुत नायक नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जन्म जयंती के उपलक्ष्य में एक तिरंगा यात्रा, पुष्पांजलि एवं भारत माता की आरती 23 जनवरी को भारत माता मंदिर लक्ष्मण तलैया पर संपन्न हुआ।
कार्यक्रम के आयोजक आकाश श्रीवास्तव ने बताया कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का योगदान भारत की स्वतंत्रता में अद्वितीय है अगर नेताजी सुभाष चंद्र बोस अपने भागीरथी प्रयासों से आजाद हिंद फौज का निर्माण नहीं करते एवं भारत की स्वतंत्रता के लिए अंग्रेजों से लोहा नहीं लेते तो शायद भारत को स्वतंत्रता मिलने में और अधिक समय लगता ऐसे थे हमारे नेताजी सुभाष चंद्र बोस। 
नेताजी की मृत्यु का समाचार मिलने एवं आजाद हिंद फौज के सेनापति एवं सैनिकों को गिरफ्तार किए जाने के बाद अंग्रेजों द्वारा उन पर अत्यधिक अत्याचार किए गए, यह दृश्य भारत की जनता एवं अंग्रेजों की सेना में शामिल भारतीय सैनिक देख रहे थे। इन अत्याचारों के विरोध स्वरूप अंग्रेजों की तीनों सेनाओं की बिग्रेड जल, थल और नभ में शामिल भारतीय सैनिकों ने विद्रोह कर दिया एवं भारत की आम जनता ने अंग्रेजी शासन को असहयोग किया। द्वितीय विश्व युद्ध की स्थिति एवं इन सैनिक विद्रोह और जनता के असहयोग के कारण अंग्रेजी शासन की रीढ टूट गई और उन्हें मजबूरन भारत को स्वतंत्र करना पड़ा। इन सब परिस्थितियों को देखते हुए यह कहना सारगर्वित है कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस एवं आजाद हिंद फौज के सेनापति एवं एक-एक सैनिक के बलिदान के कारण ही भारत देश को स्वतंत्रता मिली। कार्यक्रम में मध्य प्रदेश शासन के ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, भाजपा जिला अध्यक्ष जयप्रकाश राजोरिया, जीडीए के पूर्व अध्यक्ष अभय चौधरी शामिल हुए।
तिरंगा यात्रा सुबह 11 बजे फोर्ट व्यू स्कूल से प्रारंभ हुई एवं यात्रा समापन भारत माता मन्दिर (बेड़ी वाली माता) लक्ष्मण तलैया पर हुआ एवं वहीं पर नेताजी सुभाष चंद्र बोस को श्रद्धा सुमन अर्पित किए गए एवं भारत माता की आरती संपन्न हुई। 
यात्रा में विद्यालय के छोटे-छोटे बच्चे विभिन्न क्रांतिकारियों के रूप में शामिल हुए, तिरंगा यात्रा में छोटे-छोटे विद्यालय के बच्चों के साथ-साथ उनके अभिभावक, स्थानीय जन शामिल हुए जिनकी संख्या लगभग 1000 थी सभी लोगों ने मिलकर नेताजी सुभाष चंद्र बोस अमर रहे ,भारत माता की जय,वंदे मातरम जैसे नारे लगाते हुए यात्रा पूरे जोश-खरोश के साथ संपन्न की, तत्पश्चात प्रसाद वितरण हुआ। 
कार्यक्रम में आयोजक समिति के सदस्य लाल सिंह पाल संजय सेन वीरसिंह राजपूत मनोज शुक्ला शिवदयाल सिंह राम जी प्रजापति मोतीराम माहोर केशव माहोर, नारायण प्रकाश श्रीवास्तव, नीरू श्रीवास्तव श्रीकांत शर्मा सोनू श्रीवास्तव अकबर खान राकेश कुशवाहा मीरा जादौन किरण राय आदि उपस्थित रहे।