नदी आई नहीं हैं जब तक मैदरे उचकने लगे

Jan 16 2026

भितरवार। नगर के काली माता मंदिर प्रांगण कुछ भू माफियाओं द्वारा अतिक्रमण किए जाने का मामला  तूल पकडऩे पर नगर परिषद अध्यक्ष बलदेव अग्रवाल इसको लेकर सामने आए हैं। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि नदी आई नहीं हैं जब तक मैदरे उचकने लगे इस अर्थ है कि मंदिर प्रांगण पर कब्जा हुआ नहीं है लोगों ने विरोध शुरू कर दिया। अध्यक्ष श्री अग्रवाल के इस विवादास्पद बयान की लोगों द्वारा निंदा की जा रही है।
जानकारी के अनुसार नगर के वार्ड क्रमांक 7 तहसील रोड़ पर स्थित काली माता मंदिर प्रांगण पर कुछ भू माफियाओं द्वारा अतिक्रमण किए जाने की तैयारी की गई है। निकाय के सूत्रों से जब इस बात का पता चला तो पूर्व नगर परिषद अध्यक्ष सतीश मघैया, राजेंद्र दिघर्रा और भाजपा नेता धर्मेंद्र चौधरी काली माता मंदिर प्रांगण को अतिक्रमण से बचाने के लिए मैदान में आ गए। करोड़ों की इस भूमि को अतिक्रमण से बचाने के लिए सामने आए उक्त नेताओं ने अतिक्रमण की कोशिश करने वाले की खिलाफ गहरी नाराजगी व्यक्त की। और अतिक्रमण होने की स्थिति की उन्होंने आंदोलन की चेतावनी दी।
इन जनप्रतिनिधियों के ऐसे विरोध प्रदर्शन को देख शुक्रवार को नगर परिषद अध्यक्ष बलदेव अग्रवाल इस मामले को लेकर सामने आए हैं। गोलेश्वर महादेव मंदिर की दहलीज पर खड़े होकर अध्यक्ष श्री अग्रवाल ने कहा कि अभी नदी आई नहीं हैं मैदरे उचकने लगे है। यह बात कहते हुए उन्होंने आगे कहा कि हम कोई नास्तिक नहीं हैं धार्मिक हैं। काली माता मंदिर प्रांगण को विकसित करेगें तो क्या किसी से पूछकर करेगें। नगर परिषद किसी की जागीर नहीं हैं। कि कोई भी कुछ करे।
उन्होंने नाम बताए बगैर कहा कि काली माता मंदिर प्रांगण पर टीन शेड लगाए जाने का प्रस्ताव था। अब सवाल यह उठता है कि काली माता प्रांगण में टीन शेड का प्रस्ताव किसका था उसका नाम भी अध्यक्ष क्यों बता रहे। और अभी तक इस मामले को क्यों छुपाए रहे। अब नगर के लोग यह जानना चाहते हैं कि मंदिर प्रांगण में टीन शेड कौन लगवाना चाह रहा था।