ग्वालियर-चंबल में भाजपा की गुटबाजी ने रोका विकास का पहिया: धर्मेंद्र शर्मा

Sep 15 2025

ग्वालियर। ग्वालियर-चंबल संभाग में भाजपा की गुटबाजी अब खुले मंचों और समीक्षा बैठकों तक पहुँच गई है। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के खेमों की खींचतान ने न केवल पार्टी संगठन को बुरी तरह कमजोर कर दिया है बल्कि जनता के लिए जरूरी विकास कार्य भी ठप हो गए हैं।
प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता धर्मेंद्र शर्मा ने कहा कि भाजपा की अनुशासनहीनता और आपसी झगड़ों ने ग्वालियर-चंबल संभाग को विकास में पीछे धकेल दिया है। जीडीए, साडा, व्यापार मेला प्राधिकरण जैसी संस्थाओं में वर्षों से नियुक्तियां अटकी हुई हैं क्योंकि भाजपा नेता आपस में अपने-अपने समर्थकों को समायोजित करने की जुगत में लगे हैं।
उन्होंने कहा कि हाल ही में ग्वालियर से बेंगलुरु ट्रेन सेवा शुरू होने पर श्रेय को लेकर नरेंद्र सिंह तोमर समर्थक भाजपा सांसद भरत सिंह कुशवाहा और ज्योतिरादित्य सिंधिया समर्थक आमने-सामने आ गए।
यही नहीं, सोमवार को ग्वालियर कलेक्ट्रेट परिसर में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के द्वारा ली गई समीक्षा बैठक में स्थानीय सांसद की अनुपस्थिति और कार्यकर्ताओं के सोशल मीडिया झगड़े भाजपा की गहराती दरार को उजागर कर रहे हैं।
धर्मेंद्र शर्मा ने कहा कि भाजपा की गुटबाजी का सच अब खुद भाजपा नेता भी स्वीकार कर रहे हैं। मुख्यमंत्री मोहन यादव के सामने कैबिनेट की बैठक में ऊर्जा मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर, जो सिंधिया गुट से आते हैं, ने कहा कि ग्वालियर नरक जैसा बन गया है। जब भाजपा का खुद का मंत्री इस तरह का बयान दे रहा है, तो यह साफ है कि जनता की स्थिति कितनी दयनीय हो चुकी है।
कांग्रेस प्रवक्ता ने तंज कसते हुए कहा भाजपा नेताओं की गुटबाजी ने ग्वालियर-चंबल को विकास से वंचित कर दिया है। जनता की समस्याओं पर ध्यान देने के बजाय भाजपा नेता आपसी वर्चस्व की लड़ाई लड़ रहे हैं। यह क्षेत्र, जो कभी सत्ता की धुरी माना जाता था, आज भाजपा की अनुशासनहीनता और स्वार्थ की राजनीति का शिकार है।
कांग्रेस का कहना है कि भाजपा नेताओं के लिए गुट और गद्दी ही प्राथमिकता है, जबकि कांग्रेस के लिए जनता और विकास सर्वोपरि है।