लक्ष्मण तलैया घाटी पर ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर घर में घुसा, महिला घायल

Jun 19 2025

ग्वालियर। इंदरगंज थाना क्षेत्र के लक्ष्मण तलैया घाटी पर गुरुवार सुबह बड़ा हादसा होने से बच गया। एक ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर घर में जा घुसा, जिससे अफरा-तफरी मच गई। हादसे में 52 वर्षीय महिला घायल हुई हैं, जिन्हें इलाज के लिए प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घर के अन्य सदस्य सुरक्षित बच गए। घटना सुबह 8 बजे की है। स्थानीय लोगों ने आरोपी ड्राइवर को पकडऩे की कोशिश की, लेकिन वह हाथ छुड़ाकर भाग गया।
लक्ष्मण तलैया घाटी से ट्रैक्टर नम्बर एमपी 06 एए-7217 कोणार्क नर्सिंग होम की तरफ आ रहा था। घाटी से नीचे उतरते समय चालक का ट्रैक्टर से नियंत्रण हट गया और उस पर काबू नहीं कर सका। अपनी जान खतरे में देखते हुए ट्रैक्टर चालक ने घाटी पर ही एक मकान जो कि शगुन करोसिया का बताया गया है उसके अंदर की तरफ मोड दिया। 
मकान की बाउंड्रीवॉल तोड़ते हुए ट्रैक्टर का अगला हिस्सा घर में जा घुसा। जिससे घर की दीवार टूट गई। घर में उस समय करीब 12 लोग थे। दीवार टूटने से ईंट-पत्थर शगुन करोसिया के ऊपर जा गिरे जिससे वह घायल हो गईं। परिजन उन्हें तत्काल प्राइवेट अस्पताल ले गए जहां उनका इलाज चल रहा है। हादसा होते ही मौके पर आस-पास के लोग एकत्रित हो गए और आरोपी ट्रैक्टर चालक को पकडऩे की कोशिश की, लेकिन वह, हाथ छुड़ाकर भाग गया।
लक्ष्मण तलैया घाटी से नीचे की तरफ कोणार्क नर्सिंग होम से पहले दोनों तरफ घनी बसाहट है। रेलवे क्रॉसिंग के पास ही हैंडपंप लगा हुआ है जहां से स्थानीय निवासी व छोटे-छोटे बच्चे दिनभर पानी भरते हैं। क्रॉसिंग पार करते ही पैकिंग वाले दूध का कारोबार होता है, जिससे भीड़ लगी रहती है। थोड़ा सा आगे चलेंगे तो फिर नाश्ते का ठेला लगता है और वहां भी भीड़ लगी रहती है। अगर ट्रैक्टर थोड़ा और आगे आकर अनियंत्रित होता तो हादसा बड़ा हो सकता था।
बोरिंग करने की मशीन है फिट
जिले में बोर करने पर प्रतिबंध लगा हुआ है। लेकिन जो ट्रैक्टर घर के अंदर जा घुसा उसमें बोरिंग करने की मशीन और पाइप लगे हुए हैं। इससे यह अंदेशा है कि किसी ने लक्ष्मण तलैया क्षेत्र में अवैध रूप से बोर का खनन कराया है। खनन करने के बाद ट्रैक्टर चालक सुबह जल्दी निकला था कि तभी यह हादसा हो गया।
सुबह-सुबह रेत से भरे ट्रैक्टर निकलते हैं
शिंदे की छावनी क्षेत्र में सुबह-सुबह रेत से भरे ट्रैक्टर निकलते हुए आसानी से देखे जा सकते हैं। जबकि रेत के परिवहन पर रोक लगी है। पुलिस की नाक के नीचे से बड़ी आसानी से ओवस्लोडेड ट्रैक्टर शिंदे की छावनी से रामदास घाटी की तरफ जाते हुए आसानी से सबको नजर आ जाते हैं, बस पुलिसकर्मियों को नहीं दिखाई देते।