चुंगी क्षतिपूर्ति राशि आबंटन में हो रहे सौतेले व्यवहार से महापौर नाराज, मुख्यमंत्री को पत्र लिखा

Jun 14 2025

ग्वालियर। चुंगी क्षतिपूर्ति की राशि आबंटन में नगर निगम ग्वालियर के साथ हो रहे सौतले व्यवहार किया जा रहा है। भोपाल ओर इंदौर की तुलना में ग्वालियर को बहुत कम राशि दी गई है, जबकि हमारी राशि बकाया बहुत अधिक है। महापौर डॉ. शोभा सतीश सिकरवार ने सरकार के रवैए से नाराज होकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर अवगत कराया है। 
महापौर डॉ. सिकरवार ने पत्र के माध्यम से कहा है कि नगर निगम ग्वालियर को दी जाने वाली चुंगी क्षतिपूर्ति की राशि में वृद्धि की मांग व वर्तमान परिस्थतियों में आवश्यकता और औचित्य का उल्लेख करते हुये की गई थी। महापौर डॉ. सिकरवार ने कहा है कि ग्रामीण क्षेत्र के वार्ड क्र. 61 से 66 तक नगर निगम सीमा में सम्मिलित होने से नगर निगम ग्वालियर का क्षेत्रफल 430 वर्ग किलोमीटर तक विस्तृत हुआ है। वर्ष 2011 की जनगणना अनुसार जनसंख्या 10.69 लाख थी तथा वर्तमान में लगभग 20 लाख से अधिक जनसंख्या सम्भावित है। 
नगर निगम सीमान्तर्गत विभिन्न विकास कार्य पृथक-पृथक संस्थाओं द्वारा कराये जा रहे हैं। जैस स्मार्ट सिटी परियोजना तथा ऐलीवेटेड रोड आदि विकास कार्य जिसमें रख-रखाव, स्वच्छता आदि हेतु मैन पावर व संसाधनों में वृद्धि संभावित है। स्वच्छता मिशन के लिए भी शासन के दिशा-निर्देशों के पालन में सुचारू संचालन हेतु मैन पावर व संसाधनों की वृद्धि आवश्यक है। यूनेस्को द्वारा ग्वालियर शहर को संगीत की नगरी के रूप में मान्यता प्रदान की है, जिससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तथा पर्यटन नगरी के रूप में विकास एवं सौन्दर्यीकरण की भी आवश्यकता होगी।  
महापौर डॉ. सिकरवार ने कहा कि इन्दौर, भोपाल नगर निगम को क्रमश: 40 करोड़ व 30 करोड़ की चुंगी क्षतिपूर्ति दी जा रही है। जबकि ग्वालियर क्षेत्रफल की दृष्टि में तुलनात्मक रूप से बड़ा निकाय है। महापौर डॉ. सिकरवार ने अन्य शहरों को दी जाने वालीे आबंटित चुंगी क्षतिपूर्ति का जिक्र करते हुये कहा है कि इंदौर 261.67 वर्ग किमी 40 करोड़, भोपाल 409.70 वर्ग किमी 30 करोड़, जबलपुर 277.98 वर्ग किमी 15 करोड़ जबकि ग्वालियर शहर अन्य शहरों से क्षेत्रफल में सबसे अधिक 430 वर्ग किमी होने के बाद भी सबसे कम चुंगी क्षतिपूर्ति 15 करोड़ मिल रही है। जिसमें तुलनात्मक वृद्वि कर 60 करोड़ रूपये किया जाना चाहिए।
महापौर डॉ. सिकरवार ने कहा कि निगम द्वारा स्वयं के संसाधनों से आय बढ़ाने हेतु हर सम्भव प्रयास किये जा रहे हैं तथापि ग्वालियर के विकास/सौन्दर्यीकरण हेतु ग्वालियर को दी जाने वाली चुंगी क्षतिपूर्ति 15 करोड़ में वृद्धि कर इंदौर नगर निगम को दी जाने वाली चुंगी क्षतिपूर्ति के तुलनात्मक वृद्धि की जाना उचित होगी। 
महापौर ने मुख्यमंत्री से अनुरोध करते हुये कहा है कि वर्तमान में स्वीकृत चुंगी क्षतिपूर्ति की राशि रूपये 15 करोड़ में वृद्धि कर राशि रूपये 60 करोड़ किये जाने का कष्ट करें, ताकि ऐतिहासिक ग्वालियर नगर का विकास/सौन्दर्यीकरण कर वैभव में वृद्धि की जाकर स्वच्छता की रैकिंग में उच्च स्थान प्राप्त कर प्रदेश का नाम रोशन किया जा सके।