भगवान श्रीकृष्ण की जन्म की उत्सव कथा सुनाई

Jun 13 2025

ग्वालियर। हाईकोर्ट गिरिराज मंदिर पर कथा के चौथा दिन कथावाचक पंडित राम शास्त्री द्वारा भगवान श्रीकृष्ण की जन्म की उत्सव कथा सुनाई। कथा में द्वापर युग में मथुरा में कंस ने अपने पिता को गद्दी से हटाकर स्वयं राजा बन गया था। 
भागवत पुराण के अनुसार कंस नाम का एक अत्याचारी राजा मथुरा में शासन करता था। उसने अपने पिता को गद्दी से हटाकर स्वयं को राजा घोषित किया था और प्रजा को बहुत दुखी किया था। कंस ने अपनी बहन देवकी का विवाह वासुदेव से कराया। जब वो देवकी और वासुदेव को मथुरा ले जा रहा था, तभी एक आकाशवाणी हुई, जिसमें कहा गया कि देवकी के आठवें पुत्र से कंस का वध होगा।
कंस ने देवकी और वासुदेव को कारागार में डाल दिया। सातवीं संतान के रूप में बलराम का जन्म हुआ, लेकिन योगमाया ने उन्हें संकर्षित कर माता रोहिणी के गर्भ में पहुंचा दिया। अंत में देवकी ने श्रीकृष्ण को जन्म दिया। उस समय कारागार के सभी बंधन टूट गए और श्री कृष्ण को यशोदा के घर पहुंचायाबाद में श्रीकृष्ण ने कंस का वध कर अपने पिता को पुन: सिंहासन पर स्थापित किया।