जीवन को केवल जीना नहीं है, बल्कि उसे अर्थपूर्ण और उद्देश्यपूर्ण ढंग से जीना है-अनुसूईया दीदी

May 31 2025

ग्वालियर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय की सहयोगी संस्था राजयोग एज्युकेशन एन्ड रिसर्च फाउंडेशन के युवा प्रभाग द्वारा नई उमंग नई तरंग के अंतर्गत तीन दिवसीय आवसीय कार्यक्रम डिवाइन यूथ फोरम का उद्धघाटन हुआ।
 जिसमें मध्यप्रदेश एवं उत्तर प्रदेश के कई अलग-अलग शहरों से घर पर रहकर पढ़ाई, नौकरी करते हुए राजयोग का अभ्यास करने वाली युवा बहनें (कन्याएं) पहुँची जो इस कार्यक्रम में हिस्सा ले रही हैं।  तीन दिवसीय इस आयोजन में अलग अलग तरीके से जीवन जीने की कला, कर्म में कुशलता, व्यवहार कुशलता जैसे विषयो पर बताया जाएगा। 
कार्यक्रम का शुभारम्भ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। जिसमें मुख्य रूप से दीपक अग्रवाल, डॉ रीता मिश्रा, डॉ बीना प्रधान, डॉ श्वेता माहेश्वरी, बीके अनुसूईया दीदी, वर्णिका बहन, बीके रेखा बहन, बीके आदर्श दीदी, बीके ज्योति बहन, बीके सुनीता बहन, बीके प्रहलाद उपस्थित थे।
कार्यक्रम में बीके वर्णिका बहन ने ब्रह्माकुमारीज के युवा प्रभाग कि 40 वर्षो कि यात्रा के बारे में बताया तथा बीके रेखा बहन ने डिवाइन यूथ फोरम कार्यक्रम का लक्ष्य एवं उद्देश्य बताय। तत्पश्चात दीपक अग्रवाल ने कहा कि इस संस्था के माध्यम से देश का नाम रोशन होगा क्योकि यह संस्थान ओर यहाँ के हर व्यक्ति सकारात्मक सोच से जुड़े है।
दिल्ली से पधारी ब्रह्माकुमारी अनुशुईया दीदी यह मानव जीवन सभी को प्राप्त हुआ है, यह एक मूल्यवान अवसर है। ऐसे में यह आवश्यक हो गया है कि हम केवल बाहरी सुख-साधनों की ओर न भागें, बल्कि अपने भीतर की शांति, संतुलन और आत्मिक संतोष को भी महत्व दें। आज की जीवनशैली ने मनुष्य को बहुत व्यस्त, चिंतित और भौतिकतावादी बना दिया है, जिसके कारण वह यह भूलता जा रहा है कि जीवन को केवल जीना नहीं है, बल्कि उसे अर्थपूर्ण और उद्देश्यपूर्ण ढंग से जीना है। इसलिए आज के युग की सबसे बड़ी मांग यह है कि हम अपने जीवन को केवल भौतिक सफलता तक सीमित न रखें, बल्कि आत्मिक और नैतिक विकास की दिशा में भी कदम बढ़ाएँ। हमें अपने शरीर और आत्मा दोनों को स्वस्थ और संतुलित रखना होगा, तभी हम एक पूर्ण, संतुलित और शांतिपूर्ण जीवन जी सकते हैं।
अत: हमें सदैव यह प्रयास करना चाहिए कि हम अपने विचारों, आचरण और कर्मों को श्रेष्ठ बनाएँ। केवल तभी हम इस जीवन को सार्थक बना पाएँगे और समाज में सच्ची शांति और संतुलन की स्थापना कर सकेंगे।
कार्यक्रम में डॉ रीता मिश्रा ने कहा ब्रह्माकुमारीज का मेरी पर्सनल लाइफ में बहुत प्रभाव है यहां की सफेद ड्रेस, पवित्र विचार और शांति मुझे बहुत शक्ति देती हैं। इस संस्था ने कुछ कन्याओ को तो सम्भाल कर रखा है ये बहुत बड़ी खुशी की बात है। वर्तमान में तो हमारी बेटियां की भी विपरीत दिशा में जाने कि खबरें मिलती है जो मन को बिचलित करती है। परन्तु ऐसे आयोजनों से सभी को बेटे और बेटियों को जाग्रत करने का अच्छा कार्य ब्रह्माकुमारीज के माध्यम से किया जा रहा है। इसके लिए में बधाई देती हूँ।
इस अवसर पर आदर्श दीदी एवं मालनपुर केंद्र प्रमुख बीके ज्योति दीदी ने भी अपनी शुभकामनायें रखीं तथा कार्यक्रम में शामिल होने के लिए सभी का अभिनन्दन भी किया।
मंच का संचालन बीके सुनीता बहन ने किया तथा सभी का आभार बीके प्रहलाद भाई के द्वारा किया गया। इस अवसर पर आष्टा से कुसुम दीदी, बीना से जानकी दीदी, महोबा से मीरा दीदी सहित पूरे प्रदेश से अन्य बहनें नीलम बहन, शशि बहन, मंजरी बहन आदि शामिल थी।