गोवर्धन पूजा ही प्रकृति के प्रति कृतज्ञता और विनम्रता की शिक्षा देती है:बृजेश पांडे

May 16 2025

ग्वालियर। राम मंदिर फलका बाजार में चल रही श्रीमद् भागवत कथा के पंचम दिवस पर कथा वाचक बृजेश पांडे शास्त्री द्वारा भगवान कृष्ण की बाल लीलाओं माखन चोरी, कालिया नाग, पूतना बध, गोवर्धन की कथा सुनाते हुए कहा कि इन लीलाओं से यह शिक्षा मिलती है कि जीवन में कभी हार ना मानना, कठिनाइयों का सामना करना, प्रेम, विश्वाश ओर दृढ़ता से जब भी कोई काम करे योजनावृत जरूर अपनाए ,सफलता अवश्य मिलेगी, झूठे आरोप प्रत्यारोपों से घबराकर अपना धैर्य ना खोए अपना कर्म करते रहे अंत में सत्य की विजय होती हैं सत्य हमेशा अडिग है। 
गोवर्धन पूजा हमे प्रकृति के प्रति कृतज्ञता और विनम्रता की शिक्षा देती है प्रकृति के साथ सामंजस्य बनाए रखना यानी कि हमारे सनातन धर्म में सर्व जन हिताए सर्व जन सुखाए की बात कही गई है। जैसे पर्वतों में गोवर्धन, कामतानाथ चित्रकूट, वृक्षों में पीपल, बड़ आवंला, पशुओं में हाथी गाय नदियों में गंगा, जमुना, नर्मदा यानी कि गोवर्धन ही प्रकृति की पूजा है।
मीडिया प्रभारी अशोक गर्ग ने बताया आज आरती में सर्वश्री विवेक शेजवलकर पूर्व सांसद, महेश मुद्ग़ल, राजेश एरेन, कमल माखीजानी, रवि गुप्ता कैट अध्यक्ष, पुरूषोतम दास, बालकिशन अग्रवाल युवा अध्यक्ष, संदीप मंगल, रामगोपाल अग्रवाल, रामनाथ अग्रवाल, नंदकिशोर अग्रवाल, सुभाष अग्रवाल आदि श्रद्धालुओं उपस्थित रहे।