आत्मा और परमात्मा में कोई भेद नहीं- स्वामी ऋषभानंद

May 15 2025

ग्वालियर। मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद ग्वालियर के विकासखंड मुरार में आदि गुरु शंकराचार्य जयंती पखवाड़े के अंतर्गत व्याख्यानमाला का आयोजन शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय क्रमांक 1 मुरार में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में लाल टिपाराआदर्श गौशाला के प्रमुख संरक्षक स्वामी ऋषभानंद महाराज उपस्थित थे। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जन अभियान परिषद के शासी निकाय के सदस्य शशिदत्त गगरानी थे। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में जिला समन्वयक धर्मेन्द्र दीक्षित तथा अनुराग चतुर्वेदी उपस्थित थे।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा आदि गुरु शंकराचार्य के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम के शुभारंभ में जन अभियान परिषद विकासखंड मुरार की ब्लॉक समन्वयक श्रीमती प्रीति वाजपेयी ने कार्यक्रम का उद्देश्य एवं रूपरेखा सभी के सामने प्रस्तुत की।
मुख्य वक्ता स्वामी ऋषभानंद महाराज ने कहा कि आदि गुरू शंकराचार्य ने मात्र आठ वर्ष की आयु में संन्यास ले लिया और भारत भ्रमण पर निकल पड़े। उनका उद्देश्य था अद्वैत वेदांत का प्रचार-प्रसार और संप्रदायों के बीच व्याप्त मतभेदों को दूर करना। उन्होंने अद्वैत वेदांत का प्रतिपादन करते हुए यह बताया कि ब्रह्म सत्य है, जगत मिथ्या है, और जीव ब्रह्म का ही अंश है। उनका मानना था कि आत्मा और परमात्मा में कोई भेद नहीं है यह अज्ञान ही है जो जीव को बंधन में डालता है।
मुख्य अतिथि शशिदत्त गगरानी ने कहा कि हमें आदि गुरु शंकराचार्य के जीवन और उपदेशों से यह सीख मिलती है कि केवल पांडित्य नहीं, बल्कि समर्पण, सेवा और आत्मबोध से ही हम समाज और आत्मा का कल्याण कर सकते हैं। कार्यक्रम में अन्य वक्ताओं ने भी अपने अपने विचार व्यक्त किये।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर हाल ही में हुए पहलगाम आंतकवादी हमले में शहीद आत्माओं की शांति हेतु 2 मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि दी गयी। कार्यक्रम का संचालन रमन शिक्षा समिति के अध्यक्ष समाजसेवी हरिओम गौतम ने किया धर्मेंद्र दीक्षित ने आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर लाखन सिंह, उल्फत सिंह कुशवाह, राजकुमार प्रजापति, रामदास माहौर, हरिकण्ठ बघेल, विनोद शर्मा, मेन्टर्स श्रीमती मंजू राठौर, उमा सोनी, शैलेन्द्र चौधरी, भावना कुशवाह, उमेश सेंगर, हेमराज शर्मा सहित बड़ी संख्या में बीएसडब्ल्यू और एमएसडब्लू के विद्यार्थी उपस्थित थे।