फ्लैट में ब्लास्ट देवर-भाभी घायल

Mar 05 2025

ग्वालियर। भिंड़ रोड़ पर स्थित सात मंजिला इमारत के एक फ्लैट में ब्लास्ट हो गया। फ्लैट की दीवार गिर गई। देवर और भाभी घायल हो गए। ब्लास्ट पहली मंजिल पर फ्लैट नंबर एल-1 में गत देर रात करीब दो बजे हुआ। इसकी चपेट में पूरी इमारत आ गई। 100 मीटर दूर तक के दरवाजे उखड़ गए। दो लिफ्ट टूट कर नीचे आ गिरीं। एल-2 और एल-3 फ्लैट भी पूरी तरह डैमेज हो गए। हालांकि, उनमें कोई नहीं था। जानकारी मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। घायलों को अस्पताल भिजवाया। फ्लैट रंजना राणा (जाट) का है। ब्लास्ट के वक्त रंजना और उसका देवर अनिल जाट फ्लैट में ही थे। दोनों गंभीर रूप से घायल हुए हैं। 

गत  रात को गोला कां मंदिर थाना क्षेत्र स्थित सात मंजिला इमारत लीगेसी प्लाजा (अपार्टमेंट) में रात 2.15 बजे अचानक ब्लास्ट हुआ है। ब्लास्ट बी ब्लॉक के फ्लैट नंबर एल-1 में हुआ था। ब्लास्ट की चपेट में पूरी इमारत आई है और 100 मीटर दूर तक रहने वालों के दरवाजे तक उखड गए हैं। जबकि एल-1, 2 व 3 (तीन फ्लैट) पूरी तरह क्षतिग्रस्त होकर टूट गए हैं। एल-1 फ्लैट में एक महिला व उसका रिश्ते का देवर था, जो हादसे में बुरी तरह जल गए हैं। ब्लास्ट के बाद झुलसे हुए घायल मल्टी में नीचे की तरफ भागे हैं। घायलों को स्थानीय लोगों ने एम्बुलेंस की मदद से हॉस्पिटल पहुंचाया है। ब्लास्ट से इमारत में 100 मीटर दूर तक फ्लैट के कांच टूट गए हैं। राहत की बात यह है कि जो तीन फ्लैट पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं उनमें कोई नहीं था।
गोला का मंदिर द लीगेसी प्लाजा में सातवें माले पर रंजना राणा पत्नी संजीव राणा रहती हैं। रंजना के पति संजीव गांव में रहते हैं। यहां वह अपने दो बच्चों के साथ रहती है। बेटा अभिषेक, बेटी सोनम साथ रहते हैं। पांच महीने पहले ही रंजना ने बी-ब्लॉक में एल-1 फ्लैट खरीदा था। जिसे वह किराए पर चलाती हैं। 20 दिन पहले यहां दो लडकियों ने किराए पर लिया था। पर एक दिन पहले दोनों अचानक फ्लैट खाली कर चली गई।
गत रात 11 बजे रंजना बच्चों से यह कहकर नए फ्लैट में गई थी कि उसकी सफाई करनी है। यहां उस ने रिश्ते में देवर लगने वाले अनिल राणा को भी बुला लिया था। रात 2.15 बजे अचानक एल-1 फ्लैट में तेज ब्लास्ट हुआ। जिससे दीवार और पिलर ढह गए। एल-1 फ्लैट में धमाका इतना तेज था कि एल-2 व एल-3 फ्लैट की दीवारें भी टूट गई और तीनों फ्लैट एक हो गए। धमाके की आवाज से पूरी मल्टी हिल गई। जब लोग बाहर निकले तो देखा कि महिला और उसके साथ युवक आग से झुलसे हुए बाहर की तरफ भाग रहे थे। उनके शरीर पर कपडे नहीं थे। तत्काल लोगों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस जब तक पहुंची घायलों को स्थानीय लोग हॉस्पिटलं पहुंचा चुके थे। घटना का पता लगते ही रात को गश्त पर निकले सभी अधिकारी मौके पर पहुंच गए।
ग्वालियर पुलिस का कहना है कि फ्लैट एक दिन पहले ही खाली हुआ था। वहां नया सिलेंडर आया था, लेकिन यह सिलेंडर आधा खाली है। आशंका है कि सिलेंडर से गैस का रिसाव हो रहा था। जिससे रूम में गैस का दबाव बना। जैसा महिला ने बताया जब उसने लाइट जलाई तो अचानक ब्लास्ट हो गया। प्रारंभिक पडताल में पुलिस को आशंका है कि यही हादसे की वजह है। स्पॉट से पुलिस को किसी भी तरह की कोई संदिग्ध वस्तु या एक्सप्लोसिव नहीं मिला है।
महिला घर पर बेटे व बेटी से यह कह कर गई थी कि रात को फ्लैट की सफाई करनी है। वह सुबह तक आ जाएगी, जबकि अनिल के परिजन का कहना है कि महिला ने रात 9 बजे कॉल कर उसे बुलाया था। रात 2.15 बजे धमाके की आवाज आई तो महिला के 14 वर्षीय बेटे ने रंजना को फोन कर पूछा कि यह धमाका कैसा था। जिस पर महिला ने कहा जल्दी नीचे आ। जब वह नीचे पहुंचा तो मां झुलसी पडी थी। उसके शरीर के कपडे जल चुके थे। उसने कपडे बदले और हॉस्पिटल लेकर आया
हादसे में महिला रंजना राणा (ज़ाट) के साथ जो युवक जला है। उसे बच्चे चाचा अनिल जाट बता रहे हैं। महिला से ज्यादा इस अनिल की हालत नाजुक है। अनिल जलती हुई अवस्था में फ्लैट से बाहर की तरफ भागा था। लोगों के पूछने पर उसका कहना है कि वह खाना बना रहा था तब अचानक ब्लास्ट हुआ।
धमाका इतना तेज था इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आसपास के करीब 50 से ज्यादा फ्लैट के कांच टूट गए हैं। एक बार को लोगों को लगा कि कहीं भूकंप आया है। फ्लैट से निकलकर लोग बच्चों को लेकर बाहर की तरफ भागे हैं। बाद में उनको पता लगा कि यह एक फ्लैट में ब्लास्ट हुआ है। तब जाकर लोगों ने राहत की सांस ली है।