तलवारबाजी व लाठीबाजी से दिया नारी सशक्तिकरण का संदेश

Feb 03 2025

ग्वालियर। आवासीय दृष्टिहीन कन्या विद्यालय का 23वां वार्षिक उत्सव मनाया गया। इसमें दृष्टिहीन बालिकाओं ने बेजोड़ प्रदर्शन कर दर्शकों को हतप्रभ कर दिया। नेत्रहीन होने के बावजूद उन्होंने तलवार बाजी की। इतना ही नहीं और भी हैरतअंगेज एक्टिविटीज में भाग लिया। इनमें योग, ताल चेष्ट और मगदल की प्रस्तुति भी शामिल थी। प्रबंधन ने बताया बालिकाओं ने यह प्रदर्शन निरंतर तीन माह अभ्यास की बदौलत किया है।
सबसे पहले सरस्वती वंदना प्रस्तुत कर देवी आराधना की। साथ ही पंच व्यायाम की समूह प्रस्तुति से स्वस्थ रहने का संदेश दिया। छोटी- छोटी बालिकाओं ने कोठे ऊपर कोठरी मैं उस पर रेल चला दूंगी और साइकिल म्हारी चाल्य पर मनमोहक नृत्य की प्रस्तुति दी। साथ ही देशभक्ति गीतों और नृत्य से देशभक्ति को प्रदर्शित किया। बालिकाओं ने योगा की भी प्रस्तुति दी। 
बालिकाओं ने तलवारबाजी और लाठीबाजी का प्रदर्शन कर नारी सशक्तिकरण का संदेश दिया। तालचेस्टा, मुदगल और लेझीम की मनमोहक प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों में कार्य कर रहीं स्कूल की बालिकाओं ने अपने कार्य के बारे में अवगत कराया। कार्यक्रम में बालिकाओं को पुरस्कार और सर्टिफिकेट वितरित किए गए।
संस्था की संस्थापक शीला मोदी ने कहा, बालिकाओं द्वारा दी जा रही प्रस्तुतियों से उनकी प्रतिभा झलक रही है। बालिकाओं में अपने सपनों को पूरा करने की पूरी क्षमता है, वह अपनी लगन से लक्ष्य को पूरा कर समाज में मिशाल कायम करेंगी।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि न्यूरोसर्जन अतुल सहाय, गेस्ट ऑफ ऑनर जीआरएमसी के प्राध्यापक डॉ. श्वेता सहाय, विशिष्ट अतिथि डॉ. राकेश रायजादा व डॉ. अंजलि रायजादा रहे।