कर्मचारियों की कोई सुनवाई नहीं होने पर 7 को घेरेंगे कलेक्ट्रेट

Feb 02 2025

ग्वालियर। मध्यप्रदेश संयुक्त कर्मचारी मोर्चा के पदाधिकारियों ने दी चेतावनी 18 फरवरी को तथा प्रशासनिक अधिकारियों भोपाल में होगा प्रदेश व्यापी आंदोलन अधिकारी-कर्मचारी संयुक्त मोर्चा द्वारा जन प्रतिनिधियों को दो बार ज्ञापन दिया जा चुका है। फिर भी न तो हमसे कोई बात की गई, न ही हमें किसी ने चर्चा के लिए बुलाया। 
इसलिए अब हम चरणबद्ध आंदोलन के तहत 7 फरवरी को कलेक्ट्रेट में धरना-प्रदर्शन कर अपनी बात सरकार के कानों तक पहुंचाएंगे। यह बात रविवार को संवाददाताओं से चर्चा के दौरान अधिकारी-कर्मचारी संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों ने कही। 
मध्यप्रदेश अधिकारी कर्मचारी संयुक्त मोर्चा के अध्यक्ष एमपी द्विवेदी, जिलाध्यक्ष रणवीर सिंह सिकरवार ने बताया कि 51 सूत्रीय मांगों के निराकरण के लिए चार चरणों में आंदोलन करने का निर्णय लिया गया था। इसके तहत 16 जनवरी को कलेक्टर तथा 24 जनवरी को जनप्रतिनिधियों को मांगों के निराकरण के लिए ज्ञापन सौंपा गया। शासन द्वारा मांगों के निराकरण के संबंध में न तो मोर्चा पदाधिकारियों को बुलाया गया नही अन्य किसी तरह से निराकरण के लिए बात की गई। संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों ने कहा कि अब अपनी बात जिम्मेदारों तक पहुंचाने के लिए 7 फरवरी को कलेक्ट्रेट का घेराव कर वहां धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। 
इसके बाद चौथे व आखिरी चरण में 16 फरवरी को भोपाल के अंबेडकर पार्क में प्रदेश व्यापी धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। मोर्चा के जिलाध्यक्ष रणवीर सिंह सिकरवार ने बताया कि पिछले 10 वर्ष से पदोन्नति बंद है, वेतनमान बढ़ाया नहीं जा रहा, अनुकंपा नियुक्ति को लेकर कई तरह के झोल कर दिए गए हैं, पुरानी पेंशन प्रणाली बहाल नहीं की जा रही, सहित 51 मांगें हैं। जब तक इनका निराकरण नहीं किया जाता है, तब तक संयुक्त अधिकारी-कर्मचारी मोर्चा का विरोध जारी रहेगा।