यह गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी शक्ति का बजट है:जिलाध्यक्ष राजौरिया

Feb 01 2025

ग्वालियर। केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए शनिवार को संसद में बजट पेश किया। ग्वालियर के भाजपा नेताओं ने कहा कि सर्वांगीण, सर्वस्पर्शी और समावेशी बजट आत्मनिर्भर भारत के निर्माण का रोडमैप दर्शाता है।
बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए जिलाध्यक्ष जयप्रकाश राजौरिया ने कहा कि यह आम आदमी का बजट है। यह गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी शक्ति का बजट है। यह बजट देश की अर्थव्यवस्था को विश्व में नंबर एक पहुंचने में सहायक साबित होगा। फसलों की उपज बढ़ाने हेतु प्रधानमंत्री धन-धान्य योजना शुरू करने का ऐलान भी विकसित भारत बजट 2025 के तहत किया गया है। इस किसान हितैषी योजना से देशभर में 1.7 करोड़ किसान भाई बहन लाभान्वित होंगे। 80 लाख घरों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास उपलब्ध कराना एक बड़ा साहसिक कदम है। मोदी सरकार द्वारा लाया गया ये बजट, एक दूरदर्शी बजट है, जो विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने में मददगार साबित होगा। आत्मनिर्भर भारत का यह बजट स्वतंत्रता के 100वें वर्ष के नए भारत की नींव बनेगा।
बजट विकसित भारत के निर्माण में मील का पत्थर साबित होगा:अभय चौधरी
बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए पूर्व जिला अध्यक्ष अभय चौधरी ने कहा कि यह आमजन को गंभीर बीमारियों जैसे कैंसर आदि के इलाज के लिए भी और अधिक बेहतर सुविधा उपलब्ध हो इसके लिए भी बजट में प्रावधान किए गए हैं। आयकर में छूट जहां माध्यम दर्जे के लोगों का जीवन स्तर बेहतर बनाएगी वहीं सस्ती दवाई का फैसला भी सभी के लिए राहत वाला होगा। बजट में गांव, गरीब, किसान और नौजवान सहित समाज के सभी वर्गों के हितों का ध्यान रखा गया है। वित्त मंत्री द्वारा आज पेश किया गया बजट विकसित भारत के निर्माण में मील का पत्थर साबित होगा। उन्?होंने कहा कि प्रधानमंत्री और वित्त मंत्री का लोकल्याणकारी बजट के लिए आभार व्यक्त करता हूं, अभिनंदन करता हूं।
बजट में सभी वर्गों का ख्याल रखा गया है:नवीन चौधरी
बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए जिला मीडिया प्रभारी नवीन चौधरी ने कहा कि राष्ट्रहित व विकास को गति प्रदान करने वाला बजट बताया है। उन्होंने कहा कि बजट में सभी वर्गों का ख्याल रखा गया है। यह बजट देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करने वाला है। उन्होंने कहा किबच्चों के स्वास्थ्य में सुधार के लिए 2 लाख आंगनबाडिय़ों का उन्नायन किया जायेगा। 25 हजार किलोमीटर नये हाइवे का निर्माण किया जायेगा। फसल मुल्यांकन, भूमि अभिलेखों के डिजिटलीकरण, कीटनाशकों अैर पोषक तत्वों के छिडक़ाव के लिए किसान ड्रोन के उपयोग, रसायन मुक्त प्राकृतिक खेती को बढ़ावा दिया जायेगा।