नशे व मिलावटी भोजन से हार्टअटैक का खतरा: डॉ. वेदप्रकाश

Dec 29 2024

ग्वालियर। हृदय रोग विशेषज्ञ डा. वेदप्रकाश के अनुसार हृदयरोग जैसी बीमारियों से बचने के लिये संयमित जीवनशैली बहुत जरूरी है। संयमित जीवनशैली से हृदय रोग जैसी गंभीर बीमारी को काफी हद तक टाला जा सकता है। डा. वेदप्रकाश ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को स्मोकिंग, फास्ट फूड, बाजार के भोजन, शराब, मिलावटी खाद्य पदार्थों व धूल गंदगी सहित वातावरण से बचना चाहिये। 
ग्वालियर में सर्वोदय हास्पीटल फरीदाबाद की ओर से हृदय रोग संबंधी बचाव पर पत्रकारों से चर्चा करते हुये डा. वेदप्रकाश ने बताया कि तंबाकू, गुटखा, बीड़ी, सिगरेट भी हृदय रोग का प्रमुख कारण है। यदि आप इन्हें किसी भी फार्म में ले रहे हैं तो यह बेहद खतरनाक हो सकता है। डा. वेदप्रकाश ने कहा कि अनियमित खानपान व अनियमित दिनचर्या व फास्ट फूड के कारण अब हार्टअटैक युवाओं के लिये भी समस्या बन रहा है। पहले हार्टअटैक 50 की उम्र के बाद आना माना जाता था, लेकिन अब यह 28-30 वर्ष के युवकों में भी देखा जा रहा है। 
इसी प्रकार बच्चों में हार्ट में छेद संबंधी समस्या भी अब समस्या बन रही है। यह समस्या जेनेटिक हो सकती है। बच्चों में सुस्ती, जल्दी थक जाना, नीला पड़ जाना व नाखून नीले पड़ जाना एक प्रकार से बच्चों की हार्ट समस्या प्रदर्शित करता है। इसका समय पर इलाज करा लिया जाये तो इसे ठीक किया जा सकता है। डा. वेद्रप्रकाश ने बताया कि हृदय रोग अब सिर्फ बुजुर्गों तक सीमित नहीं है, यह युवा और यहां तक कि बच्चों में भी देखने को मिल रहा है। हमारी प्राथमिकता ना केवल सर्जरी करना है बल्कि मरीजों और उनके परिवारों को उचित मार्गदर्शन और देखभाल प्रदान करना भी है। 
इस अवसर पर उन्होंने कुछ ही माह पहले 13 वर्षीय दिव्यांशी की निशुल्क हृदय सर्जरी के बारे में भी बताया। उन्होंने बताया कि एक 5 वर्ष के बच्चे को भी उन्होंने ग्वालियर से हार्ट सर्जरी के लिये चुना है। डा. वेदप्रकाश ने कहा कि हमारे लिये यह सर्जरी केवल चिकित्सा सेवा नहीं, बल्कि हमारी नैतिक जिम्मेदारी थी। हमे खुशी है कि हम दिव्यांशी को स्वस्थ जीवन जीने का मौका दे सकें। 
इस मौके पर डा. वेदप्रकाश ने कार्डियक सर्जरी से जुड़े कई मिथकों को भी तोड़ा और इसे एक सुरक्षित और जीवनदायी प्रक्रिया बताया। पत्रकारवार्ता में सर्वोदय हास्पीटल के योगेश शर्मा भी उपस्थित थे।