50 हजार रुपए में सुपारी देकर पिता ने ही कराया हिस्ट्रीशीटर बेटे का मर्डर

Oct 25 2024

ग्वालियर। गत 21 अक्टूबर को हुई इरफान की हत्या मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। इरफान के पिता हसन और हासिन खान ने ही 50 हजार रुपए में दो लोगों को सुपारी देकर उसे मरवाया था। 
हिस्ट्रीशीटर इरफान को जुआ, स्मैक और गांजे की लत थी। इसके चलते वो परिवार को परेशान करता था। मामले में 20 से ज्यादा संदेहियों से पूछताछ करने के बाद पुलिस को कुछ क्लू मिले थे। एक से दूसरी कड़ी को छोडक़र पुलिस हसन तक पहुंची। जब उसको हिरासत में लेकर पूछताछ की तो वह टूट गया। उसने कहा कि बेटे ने जुए और नशे की लत में सब बर्बाद कर दिया था।
ग्वालियर के पुरानी छावनी थाना निवासी इरफान 28 पुत्र हसन खान की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इरफान का शव बदनापुरा-अकबरपुर की पहाड़ी पर मिला था। वह सोमवार रात को बदनापुरा के पास ही एक शादी में शामिल होने के लिए निकला था। कार्यक्रम में उसके परिवार के कुछ और सदस्य भी थे। इरफान को रात 12 बजे तक शादी में देखा गया। इसके बाद उसका कुछ पता नहीं चल रहा था।
गत मंगलवार सुबह करीब साढ़े 11 बजे कुछ लोगों ने हसन को सूचना दी कि उनका बेटा इरफान लहूलुहान हालत में पहाड़ी पर पड़ा है। हसन परिवार के दूसरे सदस्यों को लेकर वहां पहुंचे तो इरफान दम तोड़ चुका था। उसके सिर और सीने में गोली लगने के निशान थे। खून जम गया था। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराने के बाद हत्या का मामला दर्ज कर लिया था।
पुलिस को इरफान की लास्ट लोकेशन नहीं मिल रही थी। पिता हसन ने ही पुलिस को बताया था कि आखिरी बार उसे सोमवार रात को एक शादी में देखा था। उसके बाद से इरफान का कुछ पता नहीं चल रहा है।
वहीं इरफान के सिर और सीने में गोलियों के छेद बता रहे थे कि उसे प्रोफेशनल शूटर्स ने गोली मारी है। पुलिस ने इन्हीं पॉइंट्स पर अपनी जांच आगे बढ़ाई।
पुलिस पूछताछ में पिता हसन की भूमिका संदिग्ध साबित हो रही थी। पुलिस ने परिवार के बारे में जानकारी निकाली तो पता लगा कि इरफान के नशे की आदत से सभी परेशान थे। वह नशे की हालत में पारिवारिक सदस्यों से बदसलूकी करता था। कई बार समझाने के बावजूद सुधार नहीं आ रहा था। पिता से अक्सर विवाद होता था।
जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो हसन टूट गया। उसने बेटे की हत्या कराने की बात कबूल ली। पुलिस को बताया कि उसने इरफान की हत्या करने के लिए अर्जुन उर्फ शराफत खान और भीम सिंह परिहार को 50 हजार रुपए में सुपारी दी थी। घटनास्थल तक वह खुद इरफान को लेकर पहुंचा था। यहां से शूटर्स उसे कुछ दुश्मनों को फंसाने के लिए हाथ में गोली मारने की बात कहकर साथ ले गए थे।
पुलिस ने शूटर अर्जुन उर्फ शराफत खान 39 निवासी अकबरपुर पहाडिय़ा मस्जिद के पास थाना पुरानी छावनी और भीम सिंह परिहार 30 निवासी हेम सिंह की परेड थाना माधवगंज की तलाश शुरू कर दी है।