एआईडीवायओ ने रेल प्रबंधक को रेल मंत्री के नाम ज्ञापन दिया

Sep 19 2024

ग्वालियर। एआईडीवायओ के जिला अध्यक्ष धीरेंद्र शिवहरे ने कहा कि  सबसे बड़ा रोजगार देने वाला सार्वजनिक क्षेत्र भारतीय रेलवे कर्मचारियों की भारी कमी के साथ संचालित हो रहा है। रिपोर्टों के अनुसार अति महत्वपूर्ण एवं जरूरी पदों के साथ-साथ 1.7 लाख सुरक्षा संबंधी पद भी रिक्त हैं। और सुधार करने व सुविधाओं को उच्चीकृत किये जाने के नाम पर भारतीय रेलवे का तेज गति से व्यापक पैमाने पर निजीकरण और व्यावसायीकरण किया जा रहा है। 
जहाँ एक तरफ प्रवासी मजदूर, जिनकी संख्या दिन-प्रतिदिन बढ़ रही है तो दूसरी तरफ अनारक्षित डिब्बों की संख्या अत्यधिक सीमित करने और द्वितीय श्रेणी स्लीपर बोगियों को एसी डिब्बों में बदलने के कारण उन्हें यात्रा करने में बहुत परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है और मध्यम वर्ग पर यात्रा का खर्च वहन करने का भारी दबाव बढ़ गया है। 
इसलिए एआईडीवायओ ने राज्य स्तरीय विरोध दिवस पर रेल प्रबंधक को रेल मंत्री के नाम ज्ञापन दिया। ज्ञापन के द्वारा भारतीय रेलवे का निजीकरण और व्यावसायीकरण रोकने, सभी रिक्तियों को तुरंत भरने, सेवाओं के विस्तार के अनुसार पर्याप्त मात्रा में नौकरियां पैदा करने, ट्रेनों में अनारक्षित और द्वितीय श्रेणी स्लीपर बोगियों की संख्या बढ़ाई जाने। प्रवासी श्रमिकों के लिए पूरी तरह से अनारक्षित ट्रेनें शुरू की जाएने, वरिष्ठ नागरिकों को मिलने वाली रियायतें बहाल काने। अत्यधिक कीमत वाले तत्काल प्रीमियम कोटा को समाप्त कर टिकटों पर रद्दीकरण शुल्क हटाए जाने की बात कही है।