गाजे-बाजे के साथ श्रीजी का हो रहा विजर्सन

Sep 16 2024

ग्वालियर। शहर में गली-मोहल्लों में विभिन्न स्थानों सहित मंडपों और घरों में विराजित की गई भगवान गणेश की प्रतिमाओं के विसर्जन का सिलसिला जारी है। गणपति बप्पा की बैंड-बाजे के साथ विदाई की जा रही है। नगर में श्रीजी के विसर्जन का सिलसिला शुरू कुछ दिनों से चल रहा है जो अनंत चतुर्दशी तक जारी रहता है। गणेश मंडपों व घरों में विराजित मंगलमूर्ति का विसर्जन ढोल-तासों के साथ सागरताल, जनकताल, तिघरा व रमौआ डेम में किया जा रहा है।
अचलेश्वर मंदिर के गणपति विसर्जन आज
अचलेश्वर मंदिर के गणपति का नूराबाद नदी में आज मंगलवार को विसर्जन किया जाएगा। इस बार शहर के गड्ढों की हालत देखते हुए मंदिर समिति ने निर्णय लिया है कि इस साल विसर्जन से पहले गणेश प्रतिमा का नगर भ्रमण भी नहीं किया जाएगा। भक्तों को डर है कि यदि भ्रमण किया तो गडढों के चलते मूर्ति गिरने का खतरा हो सकता है। इसलिए आज मंगलवार को मंदिर पर प्रतिमा की पूजा करने के बाद ट्रॉला से सीधे नूराबाद की नदी में विसर्जन किया जाएगा। 
मंदिर के अध्यक्ष पूर्व जज एनके मोदी ने कहा कि नगर निगम ने जो व्यवस्था की है वह नाकाफी है। सडक़ों के गड्ढों के कारण मूर्ति के गिरने का खतरा भी हो सकता है, इसलिए नूराबाद की नदी में गणेश जी का विसर्जन होगा।