भक्त की भक्ति रीझ जाते हैं भगवान-घनश्याम शास्त्री

Sep 14 2024

ग्वालियर। सिकंदर कंपू स्थित नेता जी गार्डन में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन में भागवताचार्य पं. घनश्याम शास्त्री महाराज ने भगवान कृष्ण के जन्म एवं लीलाओं की कथा सुनाकर श्रोताओं को भाव विभोर कर दिया। घनश्याम शास्त्री ने कहा कि परमात्मा ही परम सत्य है। जब हमारी वृत्ति परमात्मा में लगेगी तो संसार गायब हो जाएगा। प्रश्न यह है कि परमात्मा संसार में घुले-मिले हैं तो संसार का नाश होने पर भी परमात्मा का नाश क्यों नहीं होता इसका उत्तर यही है कि भगवान संसार से जुड़े भी हैं और अलग भी हैं। आकाश में बादल रहता है। और बादल के अंदर भी आकाश तत्व है। बादल के गायब होने पर भी आकाश गायब नहीं होता। इसी तरह संसार गायब होने पर भी परमात्मा गायब नहीं होते। 
संसार की कोई भी वस्तु भगवान से अलग नहीं है कथा व्यास ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने गोपियों के घरों से माखन चोरी की। इस घटना के पीछे भी आध्यात्मिक रहस्य है। दूध का सार तत्व माखन है। उन्होंने गोपियों के घर से केवल माखन चुराया अर्थात सार तत्व को ग्रहण किया और असार को छोड़ दिया प्रभु हमें समझाना चाहते हैं कि सृष्टि का सार तत्व परमात्मा है। कथा व्यास ने बताया कि वास्तविकता में श्रीकृष्ण केवल ग्वाल-बालों के सखा भर नहीं थे, बल्कि उन्हें दीक्षित करने वाले जगद्गुरु भी थे। श्रीकृष्ण ने उनकी आत्मा का जागरण किया और फिर आत्मिक स्तर पर स्थित रहकर सुंदर जीवन जीने का अनूठा पाठ पढ़ाया। श्रीमद् भागवत कथा में वामन अवतार और कृष्ण जन्म की झांकियों ने जन मानस को भाव विभोर कर दिया। कथा में संत चरणों में आज शैव संप्रदाय के प्राचीन मठ अन्ना मठ के हठ योगी श्री मनीष अन्ना महाराज ने भी संत वचनों से सभी को आशीर्वाद दिया। 
कृष्ण जन्म के अवसर पर श्रीमद् भागवत भगवान की आरती कथा परीक्षित रुचि नितिन डोगरा, ममता कुशवाह, शिल्पा डोगरा, डॉ. जितेन्द्र सिंह राजावत, श्रीमती तृप्ती भटनागर, श्याम श्रीवास्तव, इंजी. विजय शर्मा, दिनेश शर्मा, श्रीमती रीता डोंगरा, श्रीमती सुनीता नरूला, नरेन्द्र चौहान, यशपाल कपूर, श्रीमती सीमा समाधिया, श्रीमती नीतू माथुर सीईओ स्मार्ट सिटी, धर्मेंद्र नायक, मधुलिका झीरसागर, पार्षद धर्मेंद्र जैन, महेंद्र भदकारिया, अजय पाटिल अर्पणा पाटिल, शोभा दीक्षित, आभा त्रिपाठी, रेनू शर्मा, राधा शर्मा, रचना गौड़, रेखा चतुर्वेदी, प्रमोद दुबे, रानू शर्मा, बरखा, रचना, राकेश खरे, विनोद गुप्ता, रविशंकर शर्मा, अरविंद नरवरिया, अनिरुद्ध पाठक, ध्यानेंद्र लोधी, विनोद सप्रा, वासुदेव मिश्रा, सुनील करन, कार्तिक रोहिरा, हरीओम शर्मा, आदित्य भार्गव, लोकेन्द्र भार्गव, निमिष, भावेश डोगरा, गौरव वंसल, ऋषट तरसोलिया, पंकज जुनेजा, साकेत कुशवाह, लक्ष्मी करन, रेखा गम्भीर, पुष्पा कुशवाह, ऊषा बाथम, अमृत डोंगरा, कृष्णा करन, पिंकी कुशवाह, नंदनी करण, हिमांशु करण के द्वारा की गई।