इंस्टाग्राम से दोस्ती प्यार और शादी, अब पत्नी लापता पति तलाश रहा

Sep 01 2024

ग्वालियर। सोशल मीडिया पर प्यार, तकरार व शादी के किस्से तो आपने बहुत सुने होंगे। ग्वालियर के चीनोर में रहने वाले युवक की एक साल पहले इंस्टाग्राम पर जोनपुर यूपी में रहने वाली सोनल से हुई थी। दोनों ने सोशल मीडिया पर ही एक दूसरे को अपना दिल दिया और कुछ दिन बाद मंदिर में शादी कर ली। अभी रक्षाबंधन पर पत्नी मायके गई और वहां से ग्वालियर के लिए वापस निकली, लेकिन आई नहीं। अब पति पागलों की तरह पत्नी की तलाश कर रहा है। दस दिन से भूखा-प्यासा पत्नी को तलाश रहा है। एमपी से यूपी के जौनपुर तक हर रेलवे स्टेशन पर तलाश कर चुका है। अब वह ग्वालियर पुलिस के पास पहुंचा है। पुलिस ने उसे पहले खाना खिलाया है और आश्वासन दिया है। पति का कहना है कि मरते दम तक पत्नी को ढूंढ़ता रहूंगा।

एक साल पहले शुरू हुई थी प्रेम कहानी
ग्वालियर के चीनोर कस्बा में रहने वाला पुरुषोत्तम प्रजापति एक प्राइवेट फर्म में नौकरी करता है। अगस्त 2023 में इंस्टाग्राम पर यूपी के जौनपुर निवासी सोनाली से उसकी दोस्ती हुई थी। दोनों की दोस्ती कुछ ही समय में प्यार में बदल गया। जिस पर सितंबर 2023 में सोनाली उत्तर प्रदेश से भाग कर ग्वालियर आ गई। यहां दोनों ने एक मंदिर में प्रेम विवाह कर लिया। 
अभी उनकी जिंदगी में सब कुछ ठीक चल रहा था। लेकिन 17 अगस्त को सोनाली ग्वालियर से रक्षाबंधन मनाने के लिए उत्तर प्रदेश के जौनपुर अपने मायके रवाना हुई थी। रक्षाबंधन के बाद सोनाली ग्वालियर के लिए वापस रवाना हुई, लेकिन सोनाली ग्वालियर नहीं आई। जब पत्नी घर नहीं लौटी तो पति ने उसे फोन किया, लेकिन सोनाली का फोन बंद बता रहा है।
लापता पत्नी की तलाश करने के लिए उसने ग्वालियर से लेकर जौनपुर यूपी तक के 20 से ज्यादा स्टेशन खंगाल मारे। पर पत्नी का कहीं पता नहीं चला। ग्वालियर के जौनपुर के बीच पडऩे वाले कई शहरों के बस स्टैंड तक पहुंचकर छानबीन की, लेकिन उसको सोनाली नहीं मिली है।
जब सभी जगह से हताश हो गया तो लाचार पति अपनी पत्नी को तलाशने के लिए ग्वालियर पुलिस के पास पहुंचा। उसने पुलिस अधिकारियों से किसी भी हाल में उसकी पत्नी को तलाश कर वापस उसके पास लाने की मांग की है। जिस पर पुलिस अफसरों ने उसे मदद का आश्वासन दिया है।
इस मामले में एडिशनल एसपी निरंजन शर्मा ने बताया कि सोनाली के मोबाइल की सीडीआर (कॉल डिटेल रिकॉर्ड) निकलवाई जाएगी जिससे उसकी आखिरी लोकेशन का पता लगाया जा सकेगा। उसी लोकेशन के जरिए स्थानीय पुलिस से सम्पर्क कर आगे की पड़ताल शुरू की जाएगी। साथ ही यह भी चल सकेगा कि वह किस-किस के संपर्क में थी।