रुद्राभिषेक, श्रीमद्भागवत कथा व पार्थिव शिवलिंग का हो रहा है निर्माण

Aug 07 2024

ग्वालियर। माया मां भगवती का ही मूर्त रूप है, जो असंभव को संभव कर देती है,लेकिन अज्ञानवश हम उसके वास्तविक स्वरूप को नहीं समझ पाते हैं, जिसकी वजह से माया के वशीभूत हो जाते हैं,लेकिन परमात्मा कभी माया में नहीं लिपटता है। यह विचार संत गोपाल शरण महाराज ने श्रीजी उत्सव वाटिका में श्रीरु द्राभिषेक महायज्ञ के दौरान आयोजित हो रही श्रीमद्भागवत कथा के दौरान व्यक्त किए। कथा के दौरान भक्तों ने भाव के साथ पार्थिव शिवलिंग का निर्माण किया। इस मौके पर आयोजित रुद्राभिषेक में भी श्रद्धालुओं ने उत्सावपूर्वक शिरकत की।