दादाजी धाम में कलश यात्रा के साथ भागवत कथा शुरू

Jun 10 2024

ग्वालियर। दादाजी धाम धर्मपुरी मंदिर में संत दादाजी महाराज के  पावन सानिध्य में गंगा दशहरा के पर्व पर दादाजी धामजी धाम  परिवार द्वारा सोमवार 10 जून से 16 जून तक श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ का आयोजन किया गया है।  भागवत कथा की कलशयात्रा महाराज बाड़ा स्थित बड़े हनुमान मंदिर से प्रात: 7 बजे आरंभ हुई। कलश यात्रा में महिलाएं अपने अपने सिर पर कलश रखकर चल रहीं थीं। कथा व्यास महामंडलेश्वर स्वामी रामेश्वरानन्द महाराज बग्घी में विराजमान थे। कलश यात्रा में सभी भक्त भजनों के धुनों पर नाचते हुए चल रहे थे। कथा स्थल धर्मपुरी मंदिर पहुंचने पर शोभायात्रा का भव्य स्वागत किया गया। मुख्य यजमान ने व्यासपीठ का पूजन कर भागवत जी का पूजन किया। 
 व्यास पीठ से महामंडलेश्वर स्वामी रामेश्वरानंद महाराज ने सभी भक्तो को श्रीमदभागवत कथा का महात्म्य  सुनाते हुए कहा  सत्यं  परम्  धीमहि सत्य ही सर्वश्रेष्ठ  धर्म है, प्रत्येक मनुष्य को सत्य का पालन करना चाहिए। सत्य ही कल्याण का कारक है। श्रीमद्भागवत कथा के श्रवण से भक्ति ज्ञान और वैराग्य पुष्ट होते हैं। यह कथा देव दुर्लभ है देवता भी इसके लिए तरसते हैं।  हम लोगों को आसानी से उपलब्ध हो रही है इसलिए हम इसका महत्व नहीं समझते हैं। 
श्रवण, मनन, निदिध्यासन का महत्व बताते हुए रामेश्वरानंद ने कहा यदि हम नित्य प्रति आधा घंटा नाम संकीर्तन आधे घंटे सत्संग का श्रवण और आधा घंटा श्रीमद् भागवत का नित्य पाठ करें तो इसी जीवन में मनुष्य का कल्याण सुनिश्चित है, यह संतों की गारंटी है। कथा का समय प्रतिदिन सायकाल 4 से 7:30 बजे तक रखा गया है। इस अवसर पर मंदिर में विराजमान बांके बिहारी का मनोहर श्रृंगार किया गया।