अब शहर के गड्ढे भरेंगी 1.60 करोड़ की मशीनें, महापौर ने हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

Jun 08 2024

ग्वालियर। शहर की सडक़ों के गड्ढे भरने के लिए नगर निगम को मिली 1.60 करोड़ की दो मशीनों का शनिवार को पूजन कर निगम के बेड़े में शामिल कर लिया गया। महापौर डॉ. शोभा सतीश सिकरवार ने इन दोनों मशीनों को हरी झंडी दिखाते हुए इन्हें शहर के गड्ढे भरने के लिए रवाना किया। निगम के बेड़े में इससे पहले ऐसी ही एक मशीन और थी जो कि खराब हो चुकी है, उसे भी ठीक कराने के लिए भेज दिया गया है।
महापौर डॉ.शोभा सिकरवार ने इन मशीनों को रवाना करते हुए कहा कि निगम के बेड़े में एक मात्र मशीन के खराब होने के कारण मैन्युअली शहर के गड्ढों को भरा जा रहा था। इस कारण यह काम ठीक तरह से नहीं हो पा रहा था। शहर की आवश्यकता को देखते हुए यह दो मशीनें खरीदीं गई हैं। इन मशीनों के आने से शहर में जहां- जहां भी गड्ढे हैं उन्हें भरा जा सकेगा, जिससे की गड्ढों के कारण लोगों को जो परेशानियां आती हैं उससे भी मुक्ति मिल सकेगी। 
महापौर डॉ. शोभा सिकरवार ने कहा कि शहर को स्वच्छ बनाने और यातायात को सुगम बनाने के लिए हम कृतसंकल्पित हैं। इस अवसर पर एमआईसी सदस्य अवधेश कौरव सहित नगर निगम के अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे। 
नगर निगम के दक्षिण क्षेत्र के कार्यपालन यंत्री श्रीकांत कांटे ने बताया कि निगम द्वारा जो दो पॉट हॉल पेच रिपेयरिंग मशीनें खरीदी गई हैं, वे शनिवार से ही अपना काम शुरु कर देंगी। उन्होंने कहा कि ये मशीने गडढ़े में डामर डालेंगी फिर गिट्टी और जीरा भरने के बाद उसे लेबल में करेगी। ये मशीन कच्चे माल को मिक्स कर स्पॉट पर ही पेच रिपेयरिंग कर देती है। 
आचार संहिता लगने के कारण सारे काम रुके हुए थे। अब आचार संहिता भी हट गई है तब शहर के विकास कार्य फिर से प्रारंभ हो सकेंगे। यह मशीनें भी शहर में आ तो पहले ही गई थीं लेकिन आचार संहिता के कारण वर्कशॉप में रखी हुई थी। वहीं निगम के पास गड्ढे भरने के लिए भी बजट नहीं होने से शहर के गड्ढे तक नहीं भरे जा रहे थे। वहीं निगम के दो प्लांटों में से एक ही प्लांट चालू हालत में है, इसका उपयोग भी वीआईपी मूवमेंट को लेकर ही किया जा रहा था।