नाबालिग नातिन ने ही गला दबाकर की बाबा रामस्वरूप राठौर की हत्या

Apr 01 2024

ग्वालियर। बक्से में मिली 65 वर्षीय रामस्वरूप राठौर की सड़ी गली लाश की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस ने हत्याकांड को अंजाम देने वाली मृतक की नाबालिग नातिन को अभिरक्षा में लिया है। 
दो दिन की पूछताछ के बाद आखिर नाबालिग नातिन ने जुर्म कुबूल कर बताया कि बाबा की मारपीट से नाराज होकर उसने पहले तो बाबा को नींद की गोलियां खिलाईं, फिर गला दबाकर उन्हें मौत की नींद की सुला दिया। दो दिन तक यहां-वहां की बातें कर पुलिस को लगातार गुमराह कर रही नाबालिग नातिन ने अब जुर्म कुबूला। उसने बताया कि उसके फोन पर बात करने से बाबा रामस्वरूप राठौर नाराज हुए थे और उसकी मारपीट कर दी थी।
बाबा द्वारा की गई मारपीट उसे नागवार गुजरी और उसने उन्हें ठिकाने लगाने की योजना बना ली। इसके बाद उसने बाबा के खाने में नींद की गोलियां मिलाकर उन्हें खाना खिला दिया। जब बाबा को नशा होने लगा तो उसने धक्का देकर उन्हें बक्से में पटक दिया और बक्सा बंद कर दिया। नातिन ने पुलिस को बताया कि उसे शंका हो रही थी कि इससे तो बाबा होश में आने के बाद फिर उसकी मारपीट करेंगे। इसलिए थोड़ी देर बाद ही उसने द्वारा बक्सा खोला और गला दबाकर बाबा का काम तमाम कर दिया। नातिन के जुर्म कुबूल करने के बाद पुलिस ने नातिन के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसेअभिरक्षा में ले लिया है और विस्तृत पूछताछ शुरू कर दी है।
पुलिस की पूछताछ में नातिन ने बताया कि उसने बीती 25 मार्च को होली वाले दिन ही बाबा को ठिकाने लगाया था। होली वाले दिन ही वह किसी से फोन पर बात कर रही थी और बाबा ने देखकर उसकी मारपीट कर दी थी। इसी बात से नाराज होकर उसने बिना समय गंवाए उसी दिन बाबा को ठिकाने लगा दिया और कहानियां सुनाना शुरू कर दीं।
दो दिन की पूछताछ के दौरान नाम तो तमाम सामने आए और सभी को बुलाकर पुलिस ने पूछताछ भी की, लेकिन आखिर में यही साफ हुआ कि नाबालिग नातिन ने इस हत्याकांड को अकेले ही अंजाम दिया था। न तो उसके साथ कोई था और न ही उसने बाबा का काम तमाम करने के बाद किसी को हवा लगने दी।
इस मामले में टीआई माधौगंज प्रशांत शर्मा का कहना है कि रामस्वरूप राठौर की हत्या के मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने उसी की नाबालिग नातिन को अभिरक्षा में लिया है। नातिन ने जुर्म कुबूल कर पूरी घटना पुलिस को बता दी है। उसने अकेले ही इस हत्याकांड को अंजाम दिया था।