10 वर्षीय नातिन के साथ दुष्कर्म व हत्या करने वाले को नाना को मृत्युदंड की सजा

Dec 13 2023

ग्वालियर। अपनी 10 वर्षीय नातिन के साथ दुष्कर्म एवं हत्या के मामले में विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट में आरोपी को मृत्युदंड की सजा सुनाने के साथ ही उस पर अर्थदंड भी लगाया गया है। न्यायालय द्वारा सुनाए गए आदेश के तहत धारा 302 में दुष्कर्मी व हत्यारे कल्लू राठौर उर्फ कल्ला को मृत्युदंड एवं 25 हजार रुपए अर्थदंड, धारा 376(कख) एवं 5(एम)(एन) सहपठित धारा 6 पॉक्सो अधिनियम 2012 में आजीवन कारावास और 25000-25000 रुपए अर्थदंड तथा धारा &66 में सात वर्ष का कठोर कारावास सहित 25 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया गया है। 
घटना के संबंध में जानकारी देते हुए प्रकरण की पैरवी करने वाले एडीपीओ आशीष राठौर एवं नैन्सी गोयल ने बताया कि 26 जून 2022 को यादव धर्मकांटा निवासी फरियादी ने हजीरा थाना पुलिस को सूचना दी थी, कि मेरा 12 वर्षीय बेटा एवं 10 साल की बिटिया दोपहर एक बजे के लगभग घर के सामने मंदिर में खेल रहे थे। थोड़ी देर बाद बेटा अकेला घर आया, तो हमने बिटिया के बारे में पूछा, जिस पर उसने बताया कि उसे मेरे रिश्ते का मामा कल्लू राठौर पुत्र गोरेलाल राठौर उम्र 45 साल निवासी चौड़े के हनुमान मंदिर के पास आइस्क्रीम खिलाने ले गया था। हमने कल्लू के घर जाकर पूछा, तो वह कहने लगा कि मैंने तो बच्ची को आइस्क्रीम दिला दी थी, जिसके बाद वह घर चली गई थी। इस मामले में पुलिस द्वारा अज्ञात आरोपी के विरूद्ध अपहरण की एफआईआर दर्ज कर बच्ची की तलाश शुरू कर दी गई थी। 
पुलिस बच्ची की तलाश कर ही रही थी कि दो दिन बाद पोहा मील के पीछे वैष्णोपुरम रेलवे लाइन के पास झाडिय़ों में बच्ची का शव मिल गया। जिसकी दुष्कर्म करने के बाद हत्या की गई थी।
पुलिस ने मशक्कत कर कल्लू को पकडक़र उससे पूछताछ की, तो उसने अपनी रिश्ते की नातिन के साथ दुष्कर्म करने के बाद उसकी हत्या करना स्वीकार लिया। पुलिस ने उक्त मामले को चिंहित अपराध की श्रेणी में रखते हुए विवेचना उपरांत कोर्ट में चालान प्रस्तुत किया। जहां एडीपीओ ने अपने अंतिम तर्कों के दौरान न्यायालय को यह विश्वास दिलाया कि उक्त मामला गंभीर से गंभीरतम अपराध की श्रेणी में आता है। रिश्तों की मर्यादा कलंकित करने वाले ऐसे अधर्मी आरोपी को समाज में रहने का कोई अधिकार नहीं है। जिसके आधार पर न्यायालय द्वारा आरोपी कल्लू राठौर को उत सजा से दंडित किया गया है।