भगवान महावीर के दर्शन के लिए रातभर अनशन पर बैठे जैन मुनि बुधवार सुबह दर्शन करने पर ही हटे जैन मुनि

Nov 29 2023

ग्वालियर। किला स्थित सिंधिया बॉयज स्कूल परिसर में बने एक भवन को जैन समाज अपना मंदिर बताता है। इस भवन में भगवान महावीर स्वामी की प्रतिमा है, जिसे जैन समाज अपना मंदिर बताता है। भगवान महावीर स्वामी के दर्शन करने के लिए गत शाम जैन मुनि आचार्य विबुद्ध सागर महाराज अपने कुछ अनुयायियों के साथ पहुंचे थे। जिस पर सिंधिया स्कूल के सिक्युरिटी गार्ड ने जैन मुनि को बाहर ही रोक लिया। उनको अंदर नहीं जाने दिया गया। जैन मुनि ने कई बार कहा, लेकिन गार्ड सिंधिया स्कूल की प्रॉपर्टी में प्रवेश नहीं करने दे रहा था। जिस पर गत शाम को ही जैन मुनि मौन धारण कर अनशन पर बैठ गए। उन्होंने मौन धारण करने से पहले कहा कि जब तक दर्शन नहीं होंगे, वह नहीं हटेंगे। इसके बाद प्रशासन मौके पर पहुंच गया। जैन मुनि को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने। बुधवार सुबह जब जैन मुनि को दर्शन करने दिए गए, तो वह माने हैं।
ग्वालियर किला स्थित सिंधिया बॉयज स्कूल में एक भवन में जैनियों के भगवान महावीर स्वामी की प्राचीन प्रतिमा स्थापित है। जिस भवन में यह प्रतिमा है, उस भवन को जैन समाज अपना मंदिर बताता है, लेकिन यह प्रॉपर्टी सिंधिया स्कूल के परिसर के अंदर आती है, इसलिए यहां जैन समाज को जाने की इजाजत नहीं होती। इस कारण कई बार यह विवाद ग्वालियर में होता रहता है। गत शाम को भी जैन मुनि आचार्य विबुद्ध सागर महाराज ग्वालियर प्रवास पर थे और उन्होंने अपने कुछ अनुयायियों के साथ सिंधिया स्कूल स्थित जैन मंदिर में जाकर भगवान महावीर स्वामी के दर्शन की इच्छा प्रकट की थी। पर स्कूल परिसर के बाहर तैनात सुरक्षा कर्मियों ने जैन मुनि और उनके काफिले को रोक लिया था।
किले पर पहुंचे जैन मुनि आचार्य विबुद्ध सागर स्कूल परिसर में बने भवन में जाना चाहते थे, जबकि स्कूल प्रबंधन का कहना था कि गेट के बाहर से ही आप दर्शन कर सकते हैं। इसके बाद विवाद की स्थिति निर्मित हो गई। स्कूल प्रबंधन ने पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों को इसकी जानकारी दे दी। जिसके बाद प्रशासनिक व पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंच गए। 
आचार्य का कहना था कि वह अंदर जाकर चले जाएंगे। जिला और पुलिस प्रशासन ने मामले को शांत करने और आचार्य को मनाने के हर संभव प्रयास किया, लेकिन वह सफल नहीं हुए। जैन समाज के लोगों ने पहले स्कूल के गेट पर टेंट लगाने का प्रयास किया लेकिन शासन ने इसे लगने नहीं दिया। इसके बाद गेट के पास ही आचार्य विबुद्ध सागर महाराज अनशन पर बैठ गए। इस मामले में स्कूल प्रबंधन की ओर से कोई भी बात करने को तैयार नहीं है।
जैन मुनि आचार्य विबुद्ध सागर रात भर अनशन पर बैठे रहे। इस कडक़ड़ाती ठंड में वह बाहर बैठे रहे। बुधवार सुबह स्कूल प्रबंधन ने उनको दर्शन करने की इजाजत दी। इतनी इजाजत दी गई कि वह दर्शन कर तत्काल वापस चले जाएंगे। इसके बाद जैन मुनि ने दर्शन किए और वह चले गए।
सिंधिया स्कूल स्थित जैन मंदिर पर जैन समाज के लोग व संत कई बार जाने की इजाजत मांग चुके हैं। कई बार वह इस तरह के धरना प्रदर्शन कर चुके हैं, लेकिन इसका हल नहीं निकला है। सिंधिया स्कूल प्रॉपर्टी को अपना बताकर वहां जैन समाज को जाने नहीं देता है, जबकि जैन समाज वहां जाने के लिए रास्ते की मांग करते हैं। यह सालों पुराना विवाद है। इसी तरह कई बार दोनों पक्ष आमने-सामने आ चुके हैं।