अनिश्चितकालीन धरना शुरू, विनियमित कर्मचारी भी हड़ताल की तैयारी में

Jul 10 2023

ग्वालियर। नगर निगम आठ दिन से ईकोग्रीन कर्मचारियों की हड़ताल से नहीं निपट पाया है कि अब स्वयं सेवक अधिकारी कर्मचारी संघ भी आंदोलन की राह पर चलने वाला है। ईकोग्रीन के कर्मचारियों ने अपनी मांगों के समर्थन में सोमवार से फूलबाग पर अनिश्चतकालीन धरना शुरु कर दिया है। 
ईकोग्रीन के 485 कर्मचारियों ने अपनी हड़ताल अनिश्चितकालीन धरने में परिवर्तित कर दी है। सभी कर्मचारी आज फूलबाग चौराहे पर तंबू तानकर बैठ गए हैं। कर्मचारियों की हड़ताल के चलते शहर की सफाई व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है। हर तरफ कचरे के ढेर नजर आने लगे हैं। प्रमुख मार्गों के अलावा गली मोहल्लों में हालात ज्यादा खराब हैं। बरसात के बाद कचरा सडऩे से अब सडांध मारने लगा है, ऐसे में यह लोगों को बीमार करेगा। 
ईकोग्रीन कर्मचारी तीन साल का पीएफ उनके खातों में जमा करने तथा सभी कर्मचारियों को कलेक्ट्रेट रेट पर वेतन दिए जाने की मांग कर रहे हैं। इन कर्मचारियों का कहना है कि वे ठेका प्रथा पर काम करने के लिए तैयार नहीं हैं, जबकि निगम उन्हें ठेका प्रथा पर काम पर रखने के लिए तैयार है। इसी पेंच के चलते इन कर्मचारियों की हड़ताल समाप्त नहीं हो पा रही है। शहर 15 जून के बाद कभी भी स्वच्छता सर्वे के लिए टीम आ सकती है ऐसे में शहर के जो हालात बनते जा रहे हैं उसे देखते हुए ग्वालियर की स्वच्छता रैंकिंग बिगडऩे के आसार बनते जा रहे हैं। 
उधर स्वर्ण रेखा में शहर के गंदे नालों का पानी आने तथा इस नाले के अंदर गंदे पानी की निकासी के लिए डाली गई लाइन के चोक होने से सारा गंदा पानी और सीवर का पानी नाले में बह रहा है इस कारण फूलबाग गुरुद्वारे से लेकर महारानी लक्ष्मीबाई समाधि तक स्वर्णरेखा जो कि स्वच्छता सर्वेक्षण के समय साफ हो जाती थी, इस बार यहां इतनी गंदगी भर गई है कि यहां से निकलने पर ही इसका आभास होने लगता है। 
आंदोलन रुपरेखा तैयार की
नगर निगम के स्वयं सेवक अधिकारी कर्मचारी संघ की बैठक में आंदोलन की रुपरेखा तैयार कर ली गई है। आंदोलन के पहले चरण में संघ द्वारा सबसे पहले सभापति को ज्ञापन दिया जाएगा। 12 जुलाई को इस पहले ज्ञापन के बाद 17 जुलाई को निगम आयुक्त हर्ष सिंह को ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसके बाद 18 जुलाई को महापौर डॉ. शोभा सिकरवार को ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसके बाद भी यदि उनकी मांगे नहीं सुनी गई तो वे मंत्रियों को ज्ञापन सौपेंगे। इसके बाद संघ अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरु कर देगा। संघ का कहना है कि निगम में भ्रष्टाचार करने वाले अधिकारियों जिनके खिलाफ लोकायुक्त और ईओडब्ल्यू में मामले दर्ज है उन्हें निरंतर पदोन्नति ही नहीं दी जा रही है बल्कि उन्हें बड़े-बड़े दायित्व सौंपे जा रहे हैं। भ्रष्टाचारी रंगे हाथ पकड़े जा रहे हैं फिर भी भ्रष्टाचार रोकने के लिए कोई प्रयास नहीं हो रहे हैं।
मोतीमहल स्थित हनुमान मंदिर पर आयोजित बैठक में नरेन्द्र योगी,  विष्णुदत्त शर्मा, राहुल पवैया, मुकेश पाल, विजयंत नायक एवं सभी आउटसोर्स कर्मचारी उपस्थित थे।