जेयू में कर्मचारियों ने 12 बजे तक नहीं किया काम

May 16 2023

ग्वालियर। मप्र विश्वविद्यालयीन पेंशनर्स, कर्मचारी, अधिकारी एवं शिक्षक संयुक्त संघर्ष समिति द्वारा अपनी 9 सूत्रीय मांगों को लेकर सोमवार से शुरू हुए चरणबद्ध आंदोलन के तहत मंगलवार को काली पट्टी बांधकर काम किया। 
मंगलवार को कर्मचारी, अधिकारी, शिक्षक और रिटायर्ड कर्मचारियों ने एक साथ आकर जेयू के प्रवेश द्वार पर सभा की, इसकी वजह से लगभग 1 से ढेढ़ घंटे तक यूनिवर्सिटी का कामकाज प्रभावित रहा। आंदोलन के कारण चिलचिलाती धूप में अपने परीक्षा एवं प्रवेश संबंधी दस्तावेज बनावाने के लिए आए छात्र-छात्राओं को अच्छी खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। चूंकि आंदोलन ऐसे समय में शुरु हुआ है जबकि अभी नए सत्र में प्रवेश प्रक्रिया शुरु हो रही है, साथ ही कई कक्षाओं की परीक्षाएं चल रही हैं। ऐसे में छात्र अपने जरूरी दस्तावेज बनवाने जेयू पहुंच रहे हैं।
आंदोलन से छात्रों के काम प्रभावित हुए एवं उन्हें परेशान होना पड़ा। आंदोलनकारी 17 से 25 मई तक कार्यालयीन समय में एक-एक घंटा बढ़ते क्रम में कार्य का बहिष्कार करेंगे जिससे परेशानी और बढऩे की संभावना है। इसके अलावा शासन द्वारा 10 से 25 मई तक छात्रों की समस्याओं के निवारण के लिए आयोजित किए जा रहे मुख्यमंत्री जन सेवा अभियान के तहत छात्रों के दस्तावेज उसी दिन बनाकर देने का काम भी प्रभावित होगा।
जेयू में इक_े हुए प्रदर्शनकारी कर्मचारी, अधिकारी और पेंशनर्स ने एक सुर में कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होंगी, विरोध जारी रहेगा। मंगलवार को विरोध प्रदर्शन में कर्मचारी नेता राकेश गुर्जर, संजय भदौरिया, तहसीलदार सिंह, प्रो. डीएन गोस्वामी, रजिस्ट्रार आरएस बघेल, रजिस्ट्रार राजीव मिश्रा, पूर्व रजिस्ट्रार डीएस चंदेल, प्रो. डीडी अग्रवाल, प्रो. डीसी गुप्ता, एसएन मोहपात्रा, एसके श्रीवास्तव, राजेश नायक, अरविंद भदौरिया, तहसीलदार सिंह आदि मौजूद रहे।
अब होगा ऐसे आंदोलन
17 से 25 मई तक कार्यालयीन समय में एक-एक घंटा बढ़ते क्रम में कार्य का बहिष्कार करेंगे। 26 मई को आंदोलन को सभी अधिकारी-कर्मचारी और शिक्षक 5 घंटे अर्थात् दोपहर 3 बजे तक कार्य से विरत रहेंगे। 29 मई से 1 जून तक अधिकारी, कर्मचारी और शिक्षक शाम 4 बजे तक काम नहीं करेंगे एवं कलेक्टर को ज्ञापन देंगे।