सज गए माता के मंदिर, आज से भक्तों की कतार लगेगी

Mar 21 2023

ग्वालियर। चैत्र नवरात्र सर्वार्थ सिद्धि योग में बुधवार से प्रारंभ होंगीं। नवरात्र में आदिशक्ति की आराधना के लिए शहर के देवी के मंदिर सज गए है। ऐसे मंदिरों पर सुरक्षा के दृष्टिकोण से विशेष तैयारियां की जा रही हैं, जहां खासी संख्या में भक्त पहुंचते हैं। इनमें मांढरे की माता, नहर वाली माता, पहाड्या वाली माता, आमखो व हाइकोर्ट वाली काली माता, झांसी रोड स्थित वैष्णो देवी, महलगांव स्थित करौली माता मंदिर सहित अन्य मंदिर शामिल हैं। देवी के भक्तों ने घरों में भी कलश स्थापना, दुर्गासप्ती पाठ सहित नौ दिन माता की आराधना में रमे रहने की तैयारियां पूर्ण कर ली हैं। मंगलवार की रात से शीतला माता मंदिर सातऊ पर भक्तों का पैदल दर्शन करने के लिए जाने का सिलसिला शुरू हो जाएगा। नगर में नवरात्र व नवसंत्सर को लेकर उत्साह और उमंग का वातावरण है। मंदिरों में जागरण शुरू हो जाएंगे। कुछ देवी भक्त कठोर संकल्प के साथ नौ दिन का व्रत भी रखेंगे।
शीतला मंदिर पर तीन टीआई, दो डीएसपी तैनात
शीतला माता मंदिर सहित प्रमुख मंदिरों पर सुरक्षा का अलग से प्लान किया गया है और शीतला माता मंदिर पर तीन टीआई और दो डीएसपी तैनात रहेगे। तीनों टीआई आठ-आठ घंटे ड्यूटी करेंगे, जिससे सुरक्षा व्यवस्था में चूक ना होने पाए। साथ ही नवरात्रि पर दर्शन करने के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी ना हो इसके लिए पुलिस अफसरों ने थाना पुलिस व लाइन के बल को मंदिरों पर तैनात किया है और थाना प्रभारी सहित अन्य अफसर लगातार मानीटरिंग करेंगे। सभी देवी मंदिरों के साथ पैदल यात्रा करने वालों की सुरक्षा के लिए मोबाइल तैनात की गई है।
एसएसपी अमित सांघी ने बताया कि जिले के सभी देवी मंदिरों पर सुरक्षा की तैयारी कर ली है। यहां पर थाना पुलिस के साथ ही लाइन से आए जवान तैनात रहेंगे, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी ना हो। इसके साथ ही थाना प्रभारी, सीएसपी और एएसपी सहित अन्य अफसर सुरक्षा व्यवस्था की मॉनीटरिंग करेंगे।
पैदल पदयात्रा करने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी ना हो इसके लिए शाम होने के बाद से ही सडक़ों पर पुलिस जवानों के साथ ही मोबाइल व एफआरवी तैनात रहेगी।
महिला पुलिस सादा वर्दी में
मंदिर में आने वाली छात्राओं व महिला के साथ कोई अभद्र व्यवहार ना कर सके इसे रोकने के लिए मंदिर पर सादा वर्दी में महिला पुलिस कर्मी तैनात रहेंगी, साथ ही ऑपरेशन सुरक्षा में लगे अफसर भी तैनात रहेंगे।
मांढरे की माता पर लगेगा मेला
सिंधिया राजवंश की कुलदेवी मांढरे की माता पर नवरात्र की तैयारियां पूर्ण कर लीं गईं हैं। यहां नौ दिन तक मेला जैसा माहौल रहता है। मंदिर के नीचे प्रसाद व खेल-खिलौने की दुकानें सज गईं हैं। यहां बड़ी संख्या में देवी भक्त दर्शनों के लिए जाते हैं। मांढरे की माता के नीचे ही आमखो वाली कालीमाता का मंदिर हैं। यहां श्रद्धालु दर्शन करने के लिए पहुंचते हैं।
नहर वाली माता व वैष्णों देवी का मंदिर
नाकाचंद्रबदनी स्थित नहरवाली माता का प्राचीन मंदिर है। विशेष रूप से नवरात्र में यहां खासी संख्या में भक्त पहुंचते हैं। नहरवाली माता मंदिर से लगभग डेढ़ किलोमीटर की दूरी पर वैष्णो माता का मंदिर है। यहां भी नवरात्रि की तैयारी पूर्ण हो गईं हैं।
पहाडय़ा वाली माता
नईसडक़ पर स्थित पहाडय़ा वाली माता के दर्शनों के लिए हर दिन सैकड़ों की संख्या में भक्त नवरात्र में पहुंचते हैं। महिलाओं द्वारा नौ दिन तक भजन कीर्तनों का आयोजन किया जाता है। सिटी सेंटर महलगांव स्थित कारौली माता के मंदिर पर नवरात्रि की तैयारियां पूर्ण हो गईं हैं।