एनएचएम संविदा स्टाफ नर्सिंग भर्ती पेपर लीक कांड के मास्टरमाइंड पुष्कर पांडे और राजीव नयन मिश्रा दिल्ली से गिरफ्तार

Mar 10 2023

ग्वालियर। ग्वालियर क्राइम ब्रांच पुलिस ने 5 दिन की मशक्कत के बाद आखिरकार एनएचएम संविदा स्टाफ नर्सिंग भर्ती पेपर लीक कांड के मास्टरमाइंड पुष्कर पांडे और राजीव नयन मिश्रा को दिल्ली हाईवे से बिना नंबर की नई फॉर्च्यूनर गाड़ी से गिरफ्तार किया है। पुलिस की अब तक की पूछताछ में पकड़े गए मास्टरमाइंड ने बताया है कि उन्होंने पर्चा बनाने वाली एनिमल कंपनी की वेबसाइट हैक कर कर पर्चा वांटा था। साथ ही उन्होंने बताया है कि पुलिस से बचने के लिए उन्होंने 5 दिन पहले ही नई फॉर्च्यूनर गाड़ी खरीदी है। पुलिस की टीमें लगातार मास्टरमाइंड को पकडऩे के लिए 5 राज्यों के 30 शहरों में लगातार दबिश दे रही थी। तब कहीं मास्टरमाइंड पुलिस की हत्थे चढ़े हैं, पुलिस अब इन्हें कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी की किस तरह इन्होंने एमईएल कंपनी की वेबसाइट को हैक करके पर्चा बांटा था। 
पुलिस का कहना है कि मास्टरमाइंड पुष्कर पांडे और राजीव नयन मिश्रा पर कई अपराधिक मामले पहले से ही दर्ज हैं। मास्टरमाइंड पुष्कर पांडे पर 2015 में 302 हत्या के मामले में इलाहाबाद से फरार है। 
वहीं दूसरा आरोपी राजीव मिश्रा भोपाल के कॉलेज से बीटेक किया हुआ है और उसने ही एमईएल कंपनी की वेबसाइट को हैक करके पर्चा निकाला था जिसके बाद पर्चे को परीक्षा देने वाले स्टूडेंट को बांटे गए थे। और 2021 और जो दूसरा आरोपी है वह 2021 में यूपीपीएससी पेपर लिंक प्रकरण में आरोपी था और जेल में भी रहकर आया है।
जब आरोपियों से पूछताछ हुई तब उन्होंने बताया कि जिस दिन पेपर लीक हुआ उस दिन यह लोग भोपाल में थे। जैसे ही गैंग पकड़ी गई तो भोपाल से भाग कर सीधे हैदराबाद पहुंच गए। हैदराबाद से तिरुपति गए, यहां बालाजी मंदिर में दर्शन भी किए। इसके अलावा बेंगलुरु फिर नागपुर आए। यहां पांच दिन पहले नई फार्च्यूनर खरीदी। इसके बाद बिहार के मधुबनी पहुंचे और दिल्ली में पकड़े गए।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि राजीव भोपाल से बीटेक कर चुका है, वह तकनीकी जानकार है। पहले नोएडा में रहकर निजी कालेजों में प्रवेश करवाता था और कमीशन उसे लेता था। इसी के जरिए फिर पर्चा लीक करवाने का मास्टरमाइंड बन गया। 
पुलिस की जांच में पता चला है कि गिरोह 10 से ज्यादा परीक्षाओं के पेपर लीक कर चुका है। और उसका अगला टारगेट उत्तर प्रदेश का मेडिकल टेस्ट था। पुलिस की पिछली जांच ग्वालियर तक सिमटकर रह गई है, जबकि रैकेट के तार इंदौर, भोपाल, जबलपुर, रतलाम से भी जुडऩे के सबूत मिले थे। 
ग्वालियर के डबरा स्थित टेकनपुर में 7 फरवरी को एनएचएम संविदा स्टाफ नर्सिंग परीक्षा से पहले पुलिस ने पेपर आउट करने वाली गैंग के 8 सदस्यों को गिरफ्तार किया था। पेपर रद्द कर दिया था। बाद में हाईकोर्ट ने भी आगामी आदेश तक परीक्षाओं पर रोक लगा दी। आरोपी हाईवे पर होटल से 2 से 3 लाख रुपए में नर्सिंग की तैयारी कर रहे छात्रों को आने वाले पेपर के सवाल सॉल्व करा रहे थे।गिरोह के अन्य सदस्य व चेन को तलाशने के लिए पुलिस की 6 टीम, जिनमें 45 जवान व अफसर थे। चार से पांच राज्यों में 10 दिन तक खाक छानने के बाद लौट आए थे। इसके बाद पुलिस ने भोपाल से एक एजेंट को पकड़ा, जिसके अकाउंट में मास्टरमाइंड ट्रांजेक्शन करता था। डेढ़ महीने में 50 लाख और एक साल में डेढ़ करोड़ रुपए फेक पंजीयन पर बनी कंपनी के नाम पर खोले गए खाते में आए थे।
इस मामले में कांग्रेस ने भाजपा की शिवराज सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कांग्रेस के जिलाध्यक्ष डॉ. देवेन्द्र शर्मा ने कहा था कि मामले में सरकार ने लीपापोती कर दी है। सिर्फ ग्वालियर एसएसपी को कार्रवाई जांच सौंप रखी है। बड़ी जांच एजेंसी को मामला सौंपना चाहिए था। कांग्रेस का आरोप है कि पर्चा लीक कांड की परतें खुलेंगी तो कई अफसर, उनको संरक्षण देने वाले नेता व मंत्रियों के चेहरे भी सामने आएंगे। पुलिस की जांच ग्वालियर तक सिमटकर रह गई है। जो छात्र ईमानदारी से तैयारी कर रहे थे। परीक्षा में पास होने के लिए दिन रात मेहनत कर रहे थे, उनके साथ धोखा हुआ है।
ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने गैंग के दस सदस्यों और मास्टरमाइंड सहित 12 लोगों को पकड़ा है। इनमें धनंजय पुत्र सुशील पांडे रानीपुर प्रयागराज उत्तर प्रदेश, रजनीश उर्फ रवि पुत्र रमेश जाट, जोगिंदर पुत्र रामचंद्र जाट निवासी सोनीपत हरियाणा, ऋषिकांत पुत्र रामभरोसे त्यागी महलगांव ग्वालियर, सौरभ पुत्र अवधेश तिवारी मिर्जापुर उत्तर प्रदेश, मनीष पुत्र शिवकुमार पासवान नालंदा बिहार, विपिन पुत्र वीरेंद्र शर्मा अटेर भिंड, दीपू पुत्र सतराम पांडे निवासी नारायण विहार कॉलोनी थाना गोला का मंदिर ग्वालियर हैं। गुरुवार को पुलिस ने आरोपी पुष्कर पांडे और राजीव नयन मिश्रा को भी गिरफ्तार कर लिया है। इसके अलावा, भोपाल से अमित गहरवार को पकड़ा गया, जिसके खाते में गिरोह रुपए जमा कराता था। हाल में जयपुर से प्रेम खींची उर्फ प्रेम प्रकाश को क्राइम ब्रांच ने पकड़ा है। यह जयपुर से गैंग को ऑपरेट करता था। मतलब गिरोह के साथ अब मध्यप्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, हरियाणा व दिल्ली से जुड़ गए थे।
वही मामले की जानकारी देते हुए एडिशनल एसपी ऋषिकेश मीणा ने बताया है कि 7 फरवरी 2023 को एमपी में एनएचएम भर्ती परीक्षा का पेपर लीक हुआ था जिस पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 5 दिन की मेहनत के बाद मास्टरमाइंड सहित दो आरोपियों को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार करके दोनों आरोपियों को ग्वालियर लेकर आए हैं उन्हें पेपर लीक करना स्वीकार किया है। फिलहाल उन्हें कोर्ट में पेश करके रिमांड लेकर पूछताछ की जाएगी पूछताछ में कुछ और अहम खुलासे हो सकते हैं।