संपूर्ण वातावरण को शुद्ध करता है यज्ञ-घनश्याम शास्त्री

Feb 28 2023

ग्वालियर। गालव नगर 24 बीघा गलतेश्वर महादेव मंदिर पर चल रही श्रीमद् भागवत कथा मैं भागवताचार्य पं.घनश्याम शास्त्री महाराज ने व्यासपीठ से कहा कि आत्मा को जन्म व मृत्यु के बंधन से मुक्त कराने के लिए भक्ति मार्ग से जुडक़र सत्कर्म करना होगा। हवन-यज्ञ से वातावरण एवं वायुमंडल शुद्ध होने के साथ-साथ व्यक्ति को आत्मिक बल मिलता है। यज्ञ से देवता प्रसन्न होकर मन वांछित फल प्रदान करते हैं। व्यक्ति में धार्मिक आस्था जागृत होती है दुर्गुणों की बजाय सद्गुणों के द्वार खुलते है। 
शास्त्री जी ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा के श्रवण से व्यक्ति भव सागर से पार हो जाता है। श्रीमद्भागवत से जीव में भक्ति, ज्ञान एवं वैराग्य के भाव उत्पन्न होते हैं। इसके श्रवण मात्र से व्यक्ति के पाप पुण्य में बदल जाते हैं। विचारों में बदलाव होने पर व्यक्ति के आचरण में भी स्वयं बदलाव हो जाता है मानव मात्र के धर्म के मार्ग पर चलना चाहिए। धर्म के मार्ग पर चलने वाला कभी अत्याचारी नहीं हो सकता। वह सदैव परोपकारी बन धर्मानुसार कार्य कर मोक्ष की प्राप्ति करता है उन्होंने कहा कि जीवन में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं, लेकिन हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि भगवान कृष्ण ने जीवन में कष्टों को सहते हुए धर्म की रक्षा की। भागवत कथा सभी का सम्मान करने का संदेश देती है। भागवत कथा सुनने के बाद जीवन पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है इस अवसर पर कथा परिक्षित विनोद भार्गव प्रीति भार्गव ने हवन पूजन किया।