ग्वालियर में गाडिय़ों के कांच पर जमी बर्फ

Jan 16 2023

ग्वालियर। जम्मू कश्मीर से आ रही हवाओं के कारण शहर में खतरनाक सर्दी शुरू हो गई है और बीती रात इस साल जनवरी की सबसे सर्द रात दर्ज हुई है। कोल्ड वेव से रात मैदानी इलाकों में कई जगह वर्फ जम गई। गत रात ग्वालियर के खुले मैदानी इलाकों सिकंदर कंपू, तथा अन्य इलाकों में घरों के बाहर खड़े वाहनों पर वर्फ जम गई थी। सुबह लोग जागे तो वाहनों पर वर्फ की चादर दिखाई दी। 
मौसम विभाग की माने तो आने वाले दिनों में सर्दी से राहत की कोई उम्मीद नहीं है और शहरवासियों को सर्दी की मार झेलनी पड़ेगी। शीतलहर के चलते कोहरे पर बें्रक रहा और सर्दी की मार असहनीय रही। बीती रात न्यूनतम पारा बीते रोज की तुलना में ढाई ड्रिग्री गिरकर 2.5 डिग्री पर पहुंचते ही रात से लेकर सुबह धूप निकलने के बाद भी गलन व ठिठुरन भरी सर्दी लोगों को घरों के अंदर भी गरम कपड़े पहने होने के बाद भी कांपने को मजबूर करती रही।
 ठंड का टॉर्चर तो गत शाम से ही दिखने लगा था, रात गहराते ही चार से छह किलोमीटर प्रतिघंटे की स्पीड से चल रही बर्फीली हवा ने लोगों की परेशानी बढ़ाना शुरु कर दी। 
मौसम सर्द होने के कारण शहर के मुख्य बाजारों में रात नौ बजे से पहले ही सन्नाटा पसरा दिखाई दिया। वहीं दिन व रात का पारा गिरते ही अंचलवासी सर्दी से राहत पाने के लिए खाना खाकर सीधे कंबल-रजाई में जा दुबके। वहीं घरों के बाहर काम से निकले लोग ठंड से बचाव के लिए पूरी रात अलाव का सहारा लेते दिखे। मौसम वैज्ञानिको का कहना है कि बर्फबारी के बारद हवा का रुख बदलते ही ठंड का अंचल में तीसरा राउण्ड शुरु हो चुका है, जिसके चलते आने वाले दो दिनों तक कोल्ड-डे की स्थिति बनी रहने से दिन व रात का पारा गिरने से ठंड के साथ गलन व ठिठुरन भरी ठंड से फिलहाल 48 घंटों तक  राहत के आसार नहीं है।
 मौसम वैज्ञानिक सीके उपाघ्याय ने बताया कि उत्तर भारत से अंचल में आ रही बर्फीली हवा का आना अभी देा दिनों तक लगातार बना रहेगा, जिसके कारण दिन व रात का पारा लगातार गिरने से रात के साथ ही दिन में भी ठंड लोगो को खासा परेशान करती रहेगी। लेकिन सर्द हवा के लगातार चलने से कोहरे से राहत मिलेगी। उपाध्याय ने बताया कि 18 जनवरी से एक नया पश्चिमी विक्षोभ जम्मू-कुश्मीर में एक्टिव हो जाएगा। इस सिस्टम के एक्टिव होते ही पहाड़ों से सर्द हवा का आना थमते ही दिन व रात का पारा बढऩे से गलन व ठिठ़ुरन भरी सर्दी के साथ कोल्ड-वेव से राहत मिलेगी।
 24 जनवरी से मावठ के आसार
 उपाध्याय ने बताया कि 24 जनवरी को इस साल का तीसर पश्चिमी विक्षोभ अंचल को हीट करेगा। इस सिस्टम के असर के चलते वातावरण में आद्र्रता सौ फीसदी बनी रहने के कारण मौसम बदलेगा और सिस्टम के प्रभाव से हल्की बारिश यानि मावठ   देखने को मिल सकती है। उपाध्याय ने बताया कि इस सिस्टम के चलते केवल दस से पन्द्रह मिलीमीटर बारिश होने की संभावना बन रही है। वहीं 26 जनवरी के बाद मौसम पूरी तरह से शुष्क होते ही ठंड से राहत मिलना शुरु हो जाएगी।