आधी रात को सडक़ पर तंत्र क्रिया चिडिय़ाघर तिराहे पर मिट्टी के 7 पुतले रखकर सिंदूर लगाया, चप्पल भी जलाई
Nov 26 2022
ग्वालियर। आधी रात को बीच सडक़ पर तंत्र क्रिया की गई। इसके बाद लोगों में दहशत है। फूलबाग के पीछे और चिडिय़ाघर के पास तिराहे पर सफेद चूने से चौखाना बनाया गया है। इसमें एक कोने में मिट्टी के 7 पुतले बनाए गए हैं। बीचों-बीच महिला की चप्पल भी जलाई गई है। चारों तरफ सिंदूर भी बिखरा पड़ा है। इसके बाद लोगों में दहशत का माहौल है।
घटना की चश्मदीद पूनम ने बताया कि वह चिडिय़ाघर के पास ही रहती हूं। गत देर रात करीब 1 बजे थे। अचानक कुछ आवाज सुनकर मेरी नींद टूटी। मैंने खिडक़ी से झांक कर देखा। तिराहे पर सफेद रंग की कार खड़ी थी। करीब 5 लोग थे। इनमें एक महिला, दो से तीन पुरुष और एक बच्चा भी था। उन्होंने कार की डिक्की खोली। इसमें से कुछ सामान निकाला। चौराहे पर सडक़ पर कुछ सामान जमाना शुरू किया। सफेद चूने से चौखाना बनाया। घबराकर मैं वापस रजाई में जाकर दुबक गई, लेकिन नींद नहीं आ रही थी। जिज्ञासावश बीच-बीच में तीन से चार बार उठकर देखा। अलसुबह साढ़े ती से चार बजे तक ये लोग वहां रुके रहे। बीच में कुछ जलाने जैसा भी नजर आया। ऐसा लग रहा था कि कोई चीज जलाई हो। हालांकि मैं रातभर घबराई रही। सुबह मैंने घरवालों को बताया। यहां आकर देखा तो यहां 7 पुतले बने रखे थे। पुतलों के पास एक महिला की चप्पल सेंटर में जली पड़ी थी। यह दृश्य देखकर रात को होने वाली पूरी कहानी समझ आई। यहां काला जादू किया गया था।
जिस जगह ये क्रिया की गई है, वहां पास ही चिडिय़ाघर भी है। यहां बच्चों, महिलाओं का आना-जाना होता है। इसके दूसरी ओर पार्क है, जहां शाम को बुजुर्ग और अन्य लोग टहलने आते हैं। पास ही गोपाल मंदिर भी है। रात में पुलिस की गश्त भी रहती है। हैरानी की बात है कि बीच सडक़ पर ये सब होता रहा, किसी को कुछ पता नहीं चला। सुबह यहां लोगों की भीड़ लग गई। हालांकि मामले में पुलिस से शिकायत नहीं की गई है।
पास ही सिद्ध स्थान व चर्चित गोपाल मंदिर भी है। वहां के बाबा प्रखर नाथ ने बताया कि जिस तरह का यह स्वांग किया गया है, वह अपने आप में खतरनाक है। गत देर रात काली पूजा के लिए शुभ मानी जाती है। जिस तरह से सिंदूर, मिट्टी के पुतले बैठाए व क्रियाएं की गई हैं, उससे साफ है कि यह या तो किसी के वशीकरण के लिए की गई है या किसी की जान लेने की तैयारी थी।
बाबा प्रखर नाथ ने बताया कि पुतलों और पूजा के स्थान के बीचों-बीच एक महिला की चप्पल रखी है। जिसे जलाया गया है। संभवत: यह टोटका किसी महिला के लिए है। यह चप्पल उसकी रही होगी। इसके माध्यम से उस पर अटैक या वशीकरण किया जा रहा होगा।
सीसीटीवी से खुल सकता है राज
बाबा का कहना है कि इस तरह की पूजा सुनसान इलाकों में होती है। यहां से बच्चे, महिलाएं गुजर रहे हैं, उनपर भी इसका दुष्प्रभाव हो सकता है। जिस जगह यह पूजा की गई है, उसके ठीक ऊपर सीसीटीवी लगे हैं। जिसमें पूरी तांत्रिक क्रिया कैद हुई होगी। कार का नंबर भी आया होगा। उन्हें चिन्हित कर एक्शन लेना चाहिए।
संपादक
Rajesh Jaiswal
9425401405
rajeshgwl9@gmail.com
MP Info News
Invalid RSS feed URL.
ब्रेकिंग न्यूज़
विज़िटर संख्या
अन्य ख़बरें
-
-
-
*हेमू कालानी जन्मोत्सव मिष्ठान वितरण कर बनाया* *
—03/23/2019 -









