सभी बैंकों से नई दस रुपए की गड्डियां गायब, पुरानी मिल रही

Oct 22 2022

ग्वालियर। दीपावली पर बैंकों से दस की गड्डी पूरी तरह से गायब है। नए नोट की दस की गड्डी बैंकों में उपलब्ध नहीं है। सूत्रों का कहना है कि बैंक में दस की गड्डी थीं पर वह स्टाफ में वितरित कर दीं गई जिसके कारण बैंक के ग्राहकों को नहीं मिल सकी। हालांकि बीस व पचास की गड्डी अधिकांश बैंकों में उपलब्ध हैं। पर दस की गड्डी पुराने नोट की ही उपलब्धता बताई गई। दीपावली के त्योहार पर कड़क नोटों की गड्डी की पूजा करने के लिए लोग बेताब दिखाई दिए। खाताधारक बैंक में नए नोट की गड्डी लेने के लिए पहुंचे। लंबी कतार लगाकर लोगों को तब निराशा हाथ लगी जब पता चला कि बैंक में दस की गड्डी पुराने नोट की उपलब्ध है।
हालांकि बीस व पचास के नए नोट की गड्डी बैंकों में उपलब्ध हैं। लोगों को मजबूरी में बीस या पचास की गड्डी ही लेनी पड़ रही है। बैंक अधिकारियों का कहना है कि ट्रांसपोर्टेशन के चलते आरबीआई छोटी करेंसी भेजने की अपेक्षा 500 के नोट भेजने में अधिक रुचि रखती है। इसलिए दस, बीस, पचास और सौ रुपये के नए नोट की उपलब्धता कम रहती है। शुक्रवार को बैंकों पर भीड़ जमा रही क्योंकि इसके बाद बैंक की दीपावली को लेकर छुट्टी लग रही हैं। 
इधर बैंकों द्वारा त्योहार के चलते एटीएम मशीनों में नोट भरे गए जिससे लोग परेशान न हों। बैंक अफसरों का कहना है कि एटीएम मशीनों पर त्योहार के समय 500 का नोट भरा जाता है। उसका कारण यह है कि मशीन में 500 का नोट भरने से पैसों की उपलब्धता अधिक हो जाती है। यदि 100 रुपये का नोट भरा जाएगा तो कम मात्रा में पैसा उपलब्ध होगा। यही कारण है कि आरबीआई को बैंक तक करेंसी भेजने के लिए ट्रांसपोर्टेशन पर जो खर्चा आता है उसमें अधिक से अधिक मात्रा में पैसा भेजने के लिए बड़े नोट भेजने का काम किया जाता है। क्योंकि छोटे नोट का बंडल भेजने पर खर्चा बराबर आता है और पैसा कम पहुंचता है। इसलिए बड़े नोट भेजे जाते हैं।
स्टेट बैंक बाड़ा और सेंट्रल बैंक इंदरगंज के पास बीस और पचास के नोट की नई गड्डी उपलब्ध थी। पीएनबी बैंक सिटी सेंटर के पास दस के नोट की गड्डी भी उपलब्ध थी लेकिन दोपहर तक खत्म हो गए। बैंक आफ बड़ौदा में केवल 50 के नोट की नई गड्डी उपलब्ध रहीं। सबसे अधिक मांग दस की गड्डी की थी लेकिन उपलब्धता पुराने नोट की थी जिसके चलते लोगों ने दस की गड्डी नहीं पकड़ी।